Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

lekh, Mamta_kushwaha

जनवरी माह- ममता कुशवाहा

जनवरी माह जैसा हम सब जानते हैं जनवरी अंग्रेजी नववर्ष का प्रथम माह होता है और एक नये साल की …


जनवरी माह

जनवरी माह- ममता कुशवाहा
जैसा हम सब जानते हैं जनवरी अंग्रेजी नववर्ष का प्रथम माह होता है और एक नये साल की शुरुआत । कुछ लोगों का कहावत है साल का एक तारीख जैसा गुजरेगा वैसा ही पुरे साल गुजरेगा ये बस कहने को हैं ऐसा मेरा मानना है क्योंकि हमारे लिए प्रत्येक दिन एक नया उमंग नया जोश नया मौका लेकर आती है बिना मेहनत और कर्म के फल प्राप्त नहीं होता l परन्तु ये जनवरी माह त्योहार और दिवस से भरा पूरा हुआ रहता है l

‌ सबसे पहले जनवरी के प्रथम दिन ही अंग्रेजी नववर्ष की धूम रहती है दूनिया भर में लोग आपस में बधाई, शुभकामनाएं, ग्रिटिंगस कार्ड (Greetings card) एक- दूसरे को आदान-प्रदान करते हैं और आज के इस आधूनिकता के दौर में रात के १२ बजे से ही मोबाइल द्वारा (शोसल मिडिया, फेसबुक, वाक्य इत्यादि) पर शुभकामनाएं संदेश भेजा करते हैं और कुछ लोग नया जगम भ्रमण करने भी जाया करते हैं उसके बाद आता है १० जनवरी विश्व हिन्दी दिवस जो पूरे विश्व भर में हिंदी दिवस के रूप में मनाया जाता है जो हमारे भारत के लिए गर्व की बात है , हमारी राजभाषा हिंदी के प्रति लोगों का प्रेम और सम्मान इतना दिन पर दिन बढ़ते जा रहा है कि जगह जगह देश विदेश में हिंदी भाषा का प्रचार प्रसार हो रहा है और इस दिन भिन्न- भिन्न जगह पर हिन्दी साहित्य सम्मेलन आयोजित किया जाता है और इस बार इस अवसर पर हिन्दी को
‌राजभाषा से राष्ट्रभाषा के रूप में घोषित करने की मांग भी की गई है। उसके बाद १२ जनवरी राष्ट्रीय युवा दिवस स्वामी विवेकानंद जी की जयंती पर मनाया जाता है ताकि युवा पीढ़ी स्वामी विवेकानंद जी के आदर्श का अनुपालन कर के अपने पथ पर पर लक्ष्य प्राप्त कर सके और एक इतिहास रच सके, उसके बाद १४/१५ जनवरी मंकर संक्रांति का त्योहार जिसका हमारे भारतवर्ष में विभिन्न स्थानों पर विभिन्न नाम से जाना जाता है जैसे असम में माघ बिहु बिहार में खिचड़ी, तामिलनाडू में पोंगल, गुजरात में उत्तरायण, पंजाब में लोहरी, हरियाणा, महाराष्ट्र, राजस्थान, गोवा, उत्तरप्रदेश इत्यादि जगहों पर मंकर संक्रांति के रूप में मनाया जाता है, और २६ जनवरी लोकतंत्र का पर्व गणतंत्र दिवस को मनाया जाता है इस दिन भारत में राष्ट्रपति द्वारा भारतीय राष्ट्रधवज को फहराया जाता है और भारत के भिन्न -भिन्न राज्यों में ध्वजारोहण और देशभक्ति सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किया जाता है l
अंत: उपरोक्त विवेचना से हम कह सकते हैं कि हर साल का जनवरी माह अपने आप में खास महीना होता है क्योंकि ये तो नतून वर्ष का उत्सव लेकर आता है और हर कुछ दिन के अंतराल में में त्योहारों का जश्न और अनेक दिवस मनाया जाता है ,भले ही कोरोना महामारी के आतंक के वजह थोड़ा त्योहारों का धूम कम गया है पर सवाधानी एवं सतर्कता के साथ लोग इसका आनंद ले रहे हैं 

About author 

ममता कुशवाहा
स्वरचित लेख
मुजफ्फरपुर, बिहार


Related Posts

तुझे भी हक है-भावना ठाकर ‘भावु’

February 13, 2022

 “तुझे भी हक है” सामाजिक व्यवस्था में स्त्री की भूमिका सबसे अहम् होती है घर का ख़याल रखना, सास-ससुर, पति,

जनमत के चर्चा की प्रवृत्ति-सत्य प्रकाश सिंह

February 13, 2022

जनमत के चर्चा की प्रवृत्ति वर्तमान राजनीतिक चुनावी परिवेश में जनमत एक ऐसी विषयवस्तु है जिसके चारों ओर से आने

जनवरी माह- ममता कुशवाहा

February 13, 2022

जनवरी माह जैसा हम सब जानते हैं जनवरी अंग्रेजी नववर्ष का प्रथम माह होता है और एक नये साल की

महिला सशक्तिकरण-डॉ. माध्वी बोरसे!

February 13, 2022

महिला सशक्तिकरण महिला सशक्तिकरण तब है जब महिलाओं को अपने निर्णय लेने की स्वतंत्रता हो। उनके लिए क्या सही है

स्वर कोकिला पंचतत्व में विलीन

February 11, 2022

 स्वर कोकिला पंचतत्व में विलीन   भारत ने अपना रत्न खो दिया- यह सरस्वती का स्वर विराम है- पार्थिव शरीर को

डिजिटल कृषि

February 7, 2022

डिजिटल कृषि कृषि कार्यों में प्रौद्योगिकी, कृत्रिम बुद्धिमता का बढ़ता उपयोग और जलवायु चुनौती से सुरक्षा समय की मांग प्रतिभाशाली

1 thought on “जनवरी माह- ममता कुशवाहा”

Leave a Comment