व्यंग कविता –बातों में शेर हूं पर काम में ढेर हूं
व्यंग कविता –बातों में शेर हूं पर काम में ढेर हूं सीज़न में जनता से बड़ी-बड़ी बातें करता हूं गंभीर …
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हमारी आस्था, संस्कृति की धारा, सद्भाव, समभाव, समावेश की है
April 20, 2022
हमारी आस्था, संस्कृति की धारा, सद्भाव, समभाव, समावेश की है देश की बुनियादी नीव अमन चैन, सौहार्दपूर्ण वातावरण, भाईचारा तात्कालिक
शुक्रिया- नाचीज बीकानेरी
April 18, 2022
शुक्रिया शुक्रिया-ए-अल्लाह-शुक्रिया । तूने जो हमें इंसान बनाया ।। तेरी तारीफ कैसे करूँ । अल्फ़ाज़ देने वाला तू हैं ।।
आत्मविश्वास तनावमुक्त परीक्षाओं की कुंजी है
April 18, 2022
आत्मविश्वास तनावमुक्त परीक्षाओं की कुंजी है परीक्षा का थोड़ा तनाव हमें सक्रिय, प्रेरित और हमारा ध्यान केंद्रित करता है परंतु
हाल -ए-दिल- मईनुदीन कोहरी नाचीज़ बीकानेरी
April 18, 2022
हाल -ए-दिल खुशियों के फूल सदा खिलते रहें ।इंसानियत के कदम भी बढाते रहें ।।जमाने के हर दौर से गुजर
श्रीराम-सिद्धार्थ गोरखपुरी
April 18, 2022
श्रीराम चैत्र शुक्ल नवमी तिथि परश्रीराम धरा पर आए थेअवधपुरी में इस तिथि परखुशियों के बादल छाए थेपुरुषो में पुरुषोत्तम
नव वर्ष सुहानी- डॉ.इन्दु कुमारी
April 18, 2022
नव वर्ष सुहानी आम्र मंजरों से से लदे हुए फल फूलों से सजे हुएकली कुसुम मुस्कान भरे हैंकोयल सुर में

