Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

poem

Tum kaho to by vijay Lakshmi Pandey

 तुम  कहो  तो…!!! तुम  कहो तो महकूँ मैं और चुन लूँ  जिंदगी के चार पल या ख़ुशी से मौन जो …


 तुम  कहो  तो…!!!

Tum kaho to by vijay Lakshmi Pandey

तुम  कहो तो महकूँ मैं

और चुन लूँ 

जिंदगी के चार पल

या ख़ुशी से

मौन

जो तुम्हें भाए 

सदा …!!!

मुस्कुराऊँ

या हँसू बेख़ौफ़

या करूँ दीदार

कुछ न बोलूँ

सूख जाऊँ 

ज्यों पतझड़ की 

शाख़…!!!

या कहूँ कुछ और

और चाहूँ और

जो तुम्हें भाये ,

लुभाये 

जो सुनाए खूबसूरत

राग….!!!

तुम कहो तो दफ़न 

कर दूँ

हसरतों के शोर

या सुनाऊँ

अनकहे 

कुछ बेख़ुदी से गीत

जो हमारे उम्र भर के

हसीन पल के 

कत्ल

जो तुम्हें घायल करे..!!!

या निहारूँ 

अपलक,निर्निमेष

तुम कहो तो बहकूँ  मैं

जो हमारे जिंदगी के 

भोर…!!!

या मिलूँ मैं

छंद में 

या बनूँ मैं व्यंजना

या “विजय” सी चाह

तुम कहो तो….!!!

तुम कहो तो…!!!

             विजय लक्ष्मी पाण्डेय
             एम. ए., बी.एड.,(हिन्दी)
             स्वरचित मौलिक रचना
                      आजमगढ़,उत्तर प्रदेश


Related Posts

गुलाब-डॉ. माध्वी बोरसे

December 18, 2021

गुलाब! गुलाब का फूल, अति सुंदर और सुगंधित, करते है हम, परमेश्वर के चरणो में अर्जित,चलो महका दे जहां, गुलाब

माता – पिता-डॉ. माध्वी बोरसे!

December 18, 2021

माता – पिता! जब 1 साल के थे हम बच्चे, नहला के पहनाते थे कपड़े वह अच्छे! उस वक्त रो-रो

भारत-डॉ. माध्वी बोरसे!

December 18, 2021

भारत! दक्षिणी एशिया का सबसे बड़ा देश है भारत, कृषि प्रधान देश है भारत,विश्व का सबसे बड़ा लोकतंत्र है भारत,एक

कदर-डॉ. माध्वी बोरसे

December 18, 2021

कदर! कदर करें, जो हमारे पास है,क्यों हमेशा कोई ना कोई आस है,हमें आखिर किसकी तलाश है,हर व्यक्ति असंतुष्ट है,

निगाहें- R.S.meena indian

December 18, 2021

कविता – निगाहें इन निग़ाहों से मोहब्बत होती हैं । और इनसे क़त्ल भी होता है ।।किसी के दिल में

देशभक्त नहीं हो सकते हैं” – सचिन राणा “हीरो”

December 18, 2021

देशभक्त नहीं हो सकते हैं देश के सैनिक की शहादत पर, जो रो नहीं सकते हैं… वो कुछ भी हो

Leave a Comment