Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

poem

Suhagin by Anita Sharma

सुहागिन चेहरे पर मुस्कान बताती आल्हादित मन झूम रहा। सदा सलामत रहे खुशियाँ  दुआ यही ईश्वर से मेरी। चेहरे पर …


सुहागिन

Suhagin by Anita Sharma

चेहरे पर मुस्कान बताती

आल्हादित मन झूम रहा।

सदा सलामत रहे खुशियाँ 

दुआ यही ईश्वर से मेरी।

चेहरे पर मुस्कान रहे हमेशा

आंखो में चमकती सुन्दरता।

होठों पर दमकते मोती हो

पलकों में सजती शर्म-हया।

गहनों में लिपटा नूर रहे

मुस्कुराती यौवन छटा रहे।

सौम्यता मनमोहक झलके

खुशियाँ दामन में महके ।

ईश्वर की सुन्दर मूरत हो

साजन की प्रेम कहानी हो।

ये प्यार महकता रहे सदा

साजन बांहो का आलिंगन हो।

सुहागन मन चाहे सजना

साथ हमेशा सजना जी हो।

करवा चौथ पर चाँद दिखे

घर के आँगन में चाँद रहे।

सुहागन का सिन्दूर माँग पर

और गले में मंगल-सूत्र सजे ।

माथे पर सिन्दूरी बिन्दिया हो

चेहरे पर मुस्कान हमेशा हो।

पैरों में बिछिया पायल हो

पायल की रून-र झुन बोले।

दिल में सजना जी रहे सदा

कंगना चूड़ी खनक कर बोले

राज दिलों के ये खोले ।

प्यार का नव रूप सुहाना हो

सोलह शृंगार तुम्हारा हो।

एक चाँद आसमान पर सजे

एक चाँद तुम्हारे पास रहे ।।

—अनिता शर्मा झाँसी
—मौलिक रचना


Related Posts

सत्यनिष्ठा का भाव | satyanishtha ka bhav

April 3, 2023

सत्यनिष्ठा का भाव भारत की संस्कृति व मिट्टी में ही है सत्यनिष्ठा का भाव तभी तो सत्यनिष्ठा से आत्मनिर्भरता अभियान

मां गंगे की पीड़ा की वास्तविक कहानी

April 3, 2023

 मां गंगे की पीड़ा की वास्तविक कहानी गंगा उत्सव मनाने को अब  राष्ट्रव्यापी नदी उत्सव बनाएंगे  मां गंगे की पीड़ा

महावीर जन्म कल्याणक (महावीर जयंती)| mahavir jayanti

April 3, 2023

महावीर जन्म कल्याणक (महावीर जयंती) निरख निरख के रूप तुम्हारा “महावीर “दिल भरता ही नहीं, तेरे चरणों से उठकर जाने

ये ख्वाब हमारे संकल्प सामर्थ्य से पूरे होंगे

April 3, 2023

ये ख्वाब हमारे संकल्प सामर्थ्य से पूरे होंगे जब देश की आजादी के 100 वर्ष पूरे होंगे आजादी के अमृत

महकता है घर जिसमें बच्चे बसते हैं

March 28, 2023

भावनानी के भाव महकता है घर जिसमें बच्चे बसते हैं घर की चौखट चहकती है बच्चे जब हंसते हैं महकता

बिना आवाज़ की लाठी मारी किया था भ्रष्टाचार

March 28, 2023

 भावनानी के भाव बिना आवाज़ की लाठी मारी किया था भ्रष्टाचार धन रहेगा नहीं दुखी करके निकलेगा यह भ्रष्टाचार  बच्चे

PreviousNext

Leave a Comment