Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

poem

Sharad chandra kirne by Anita Sharma

 शरद-चंद्र-किरणें* ऐ तकदीर मेरी मुझको चाँद से मिला रही। इक चाँद आसमान में इक है मेरे पास भी। सितारों ने …


 शरद-चंद्र-किरणें*

Sharad chandra kirne by Anita Sharma

ऐ तकदीर मेरी मुझको चाँद से मिला रही।

इक चाँद आसमान में इक है मेरे पास भी।

सितारों ने रौनक आज मेरे दामन मे भर दी।

ये हसीं चाँदनी रात चाँद सितारों से भर दी।

तुम्हारी मौजूदगी से दमक रही दुनिया मेरी ।

इक चाँद आसमान पर इक है मेरे सामने ।

खिल उठी चमक आंखो में मेरी आशा बन।

चाँदनी रात की श्वेत चाँदनी ओढ़ी धरा।

और तुम हो मेरे पास तो एहसास खास है।

मैं पूनम तुम चाँद हमारे तारों की बारात है।

श्वेताम्बर-श्वेत-धरा है,मन बहका-बहका सा।

आसमान से रजत चंद्र छिटकी वसुधा पर।

पुलकित हृदय रजत कणों की अनुपम कृति

निरख।

पूर्ण चंद्र खिला खिला,तटस्थ शान्त चित्त धरा।

झर रही रजत चान्दनी अम्बर से धरती पर।

हो रहा मधुर मिलन चंद्र-चाँदनी-धरा पर।

एक चाँद आसमान पर एक है मेरे सामने।

——अनिता शर्मा झाँसी
——-मौलिक रचना


Related Posts

गुमशुदा जरा लिख तहरीर मेरी

November 10, 2023

गुमशुदा जरा लिख तहरीर मेरी ऐ थाना – ए – गुमशुदा जरा लिख तहरीर मेरीखो गया हैं सुकून और अच्छी

कविता –करवा चौथ

October 31, 2023

 करवा चौथ सुनो दिकु…..अपना सर्वस्व मैंने तुम्हें सौंप दिया हैतुम्हारे लिए मैंने करवा चौथ व्रत किया है तुम व्रत करती

कविता –मैं और मेरा आकाश

October 30, 2023

मैं और मेरा आकाश मेरा आकाश मुझमें समाहितजैसे मैप की कोई तस्वीरआँखों का आईना बन जाती हैआकाश की सारी हलचलजिंदगी

कविता – चुप है मेरा एहसास

October 30, 2023

चुप है मेरा एहसास चुप है मेरा हर एहसासक्यों किया किसी ने विश्वासघात?हो गया मेरा हर लफ्ज़ खामोशआज मेरा हर

कविता क्या हुआ आज टूटा है इंसान

October 28, 2023

क्या हुआ आज टूटा है इंसान क्या हुआ जो आज बिखरा है इंसानक्या हुआ जो आज टूटा हुआ है इंसानअरे

कविता – याद करती हो?

October 28, 2023

याद करती हो? सुनो दिकु…. क्या आज भी तुम मुज़े याद करती हो?मेरी तरह क्या तुम भी, आँखें बंदकर मुज़

PreviousNext

Leave a Comment