Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

poem

Sacchai se playan by Jitendra Kab

 सच्चाई से पलायन बदल देता हूं जल्दी से न्यूज चैनल या ‘Scroll’ कर देता हूं मोबाइल स्क्रीन, जब भी किसी …


 सच्चाई से पलायन

Sacchai se playan by Jitendra Kabir

बदल देता हूं जल्दी से

न्यूज चैनल या

‘Scroll’ कर देता हूं

मोबाइल स्क्रीन,

जब भी किसी

‘पाशविक कृत्य’ की

न्यूज देखता हूं,

भरमा लेता हूं खुद को

यह सोचकर कि

मेरे साथ ऐसा नहीं

होगा,

देखकर थोड़ी देर कोई

फिल्म या टीवी सीरियल

अपने डर को टाल 

देता हूं,

सच्चाई से पलायन 

का यह तरीका

अपनाते हैं बहुत सारे लोग

मेरी तरह,

ऐसी मानसिकता ही जड़

में है अपराधियों के हौंसले

बढ़ते जाने की और

एक समाज के रूप में

हमारे पतन की भी,

जब तक हम हर अपराधी

के खिलाफ बंटे रहेंगे

जाति, धर्म और पार्टी के

आधार पर,

हमारे जैसा कोई या हममें

से कोई एक,

बनता रहेगा ऐसे राक्षसों

का शिकार।

              जितेन्द्र ‘कबीर’

यह कविता सर्वथा मौलिक अप्रकाशित एवं स्वरचित है।

साहित्यिक नाम – जितेन्द्र ‘कबीर’

संप्रति- अध्यापक

पता – जितेन्द्र कुमार गांव नगोड़ी डाक घर साच तहसील व जिला चम्बा हिमाचल प्रदेश

संपर्क सूत्र – 7018558314


Related Posts

हार कविता -डॉ. माध्वी बोरसे!

December 3, 2021

हार! बेहतर होने का अनुभव देती हैं,यह तो सीरीफ एक परिस्थिति है,सफलता का सबसे बड़ा रास्ता होती है,कुछ देर की

21 वीं सदी की नारी-डॉ. माध्वी बोरसे!

December 3, 2021

21 वीं सदी की नारी! उठाओ कलम, पुस्तक व लैपटॉपकरो परीक्षा की तैयारी,कुछ तुम उठाओ,कुछ परिवार में बाटोअपने घर की

सोच में लाए थोड़ा परिवर्तन -डॉ. माध्वी बोरसे!

December 3, 2021

सोच में लाए थोड़ा परिवर्तन ! कोई कोई तहजीब, सलीका, अदब नहीं खोता,सर झुकाता हुआ हर शख्स बेचारा नहीं होता!

मिट्टी का कर्ज- डॉ.इन्दु कुमारी

December 3, 2021

 मिट्टी का कर्ज खूबसूरत है नजारालग रहा है प्यारा इस मिट्टी का कर्ज हैचुकाना हमारा फर्ज  है प्यारे गगन हमें

साहिल- डॉ.इन्दु कुमारी

December 3, 2021

 साहिल ओ मेरे मन के मीत दिल लिया क्यों जीत निश्छल है मेरी प्रीत रेजीवन की है ये रीत सदा

आह्वान- डॉ.इन्दु कुमारी

December 3, 2021

आह्वान मद्यपान निषेध मेरे देश के नौजवानोंतू है मौजों की रवानीहै भारत माँ के लाल वेशकीमती तेरी जवानीमद्यपान नहीं जिन्दगानीबीड़ी

Leave a Comment