Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

lekh

Lekh man ki hariyali by sudhir Srivastava

 लेखमन की हरियाली, लाए खुशहाली     बहुत खूबसूरत विचार है ।हमारे का मन की हरियाली अर्थात प्रसन्नता, संतोष और …


 लेख
मन की हरियाली, लाए खुशहाली

Lekh man ki hariyali by sudhir Srivastava

    बहुत खूबसूरत विचार है ।हमारे का

मन की हरियाली अर्थात प्रसन्नता, संतोष और स्वस्थ, सार्थक पवित्र विचारधारा, अच्छी सोच, स्वहित के बजाय सर्वहितकारी भाव हमारी प्रसन्नता की अहम कड़ी और सर्वाधिक जरूरत है।बस अपनी वैचारिकी को बड़ा और मन के पटों को पूरी तरह खोलने की आवश्यकता भर है।मन की हरियाली का मतलब स्व प्रसन्नता से है,सुविचारों और मनोभावों से भी जुड़ा होता है और ये सभी खुशहाली ही लाती है ,संतोष का भाव जागृति करती हैं।मतलब सूकुन और स्वाभाविक प्रसन्नता का खूबसूरत अहसास भी महसूस कराती है।

    मंतव्य मात्र इतना भर है कि हम सभी को  हर स्थिति/परिस्थिति में खुश रहना है और खुश रहने के लिए हर संभव सकारात्मक रहने की जरुरत है।जितना है या जो भी हो ,जितना भी मिला है जैसा भी है संतोष रखते हुए ईश्वर कृपा मान उसी में खुश रहने का सकारात्मक प्रयास करते रहना चाहिए।क्योंकि ऐसा भी निश्चित ही होता है कि बहुतेरे ऐसे भी है इस संसार में कि उन्हें उतना तो क्या उसका एक बहुत छोटा हिस्सा मिला है या मिला होगा या शायद वो भी न मिला हो।ऐसे में ईश्वर का धन्यवाद करते हुए खुश रहना मूलमंत्र बनाने की चेष्टा भर कीजिए, विश्वास कीजिए ,खुशहाली आपके दरवाजे पर हर समय दस्तक देती मिलेगी। जीवन की प्रसन्नता का यही मूलमन्त्र हम सबकी खुशहाली का मंत्र होना चाहिए और यह मूलमंत्र सिर्फ आका हमारा या एक व्यक्ति/ परिवार तक सीमित नहीं होना चाहिए बल्कि  संसार के एक एक व्यक्ति, परिवार, समाज, राष्ट्र ही नहीं सम्पूर्ण संसार में जाना ही चाहिए, तभी हम और हमारा,परिवार,. समाज ,राष्ट्र और संसार के आज, कल और भविष्य का सुंदर, सुखद और खुशहाली भरे जीवन की सुंदरता मिश्रित मार्ग प्रशस्त होकर जीवन में अप्रत्यशित रुप से सुखद जीवन का आधार बन जायेगा।

  और इसके लिए किसी एक को ही नहीं सबको प्रयास करते रहना होगा।तभी मन की हरियाली और खुशहाली का वातावरण चारों ओर दिखेगा और तब समूचे संसार में अधिकतम खुशहाली दिखेगी।

👉सुधीर श्रीवास्तव

       गोण्डा, उ.प्र.

    8115285921

©मौलिक, स्वरचित

29.07.2021


Related Posts

पैसा बचाना भी पैसा कमाना है

April 3, 2023

पैसा बचाना भी पैसा कमाना है आओ भारत को दुनियां की विकसित अर्थव्यवस्थाओं से भी बेहतर बनाएं देश की मौजूदा

द्वितीय लोकतंत्र शिखर सम्मेलन 29-30 मार्च 2023 का आगाज़

April 3, 2023

द्वितीय लोकतंत्र शिखर सम्मेलन 29-30 मार्च 2023 का आगाज़ लोकतंत्र को अधिनायकवाद और भ्रष्टाचार से बचाकर मानवाधिकार के प्रति सम्मान

ग्लोबल वाटर सिक्योरिटी रिपोर्ट 2023 – जल सुरक्षा में 33 देशों का आंकलन | global water security report

April 3, 2023

ग्लोबल वाटर सिक्योरिटी रिपोर्ट 2023 – जल सुरक्षा में 33 देशों का आंकलन जल मानवता के लिए रक्त की तरह

दुल्हन की शाॅपिग लिस्ट में यह हाॅट और सेक्सी लाॅन्जरी होनी ही चाहिए

March 28, 2023

दुल्हन की शाॅपिग लिस्ट में यह हाॅट और सेक्सी लाॅन्जरी होनी ही चाहिए जिन युवतियों की शादी होनी होती है,

राजनीतिक धमासान! Rajneetik ghamashan

March 28, 2023

राजनीतिक धमासान! नेताजी, हम मतदाता सबकुछ देख, सोच और समझ रहे हैं पक्ष-विपक्ष के संसद से सड़क तक धमासान से

राजनीति और नैतिक मूल्य| rajneetik aur naitik mulya

March 28, 2023

राजनीति और नैतिक मूल्य सन 1908 में गाँधी जी ने अपने विचार जनता के सामने “हिन्द स्वाराज” के नाम से

PreviousNext

Leave a Comment