Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

poem

Kavita mere mulk ki media by golendra patel

 मेरे मुल्क की मीडिया बिच्छू के बिल में नेवला और सर्प की सलाह पर चूहों के केस की सुनवाई कर …


 मेरे मुल्क की मीडिया

Kavita mere mulk ki media by golendra patel

बिच्छू के बिल में

नेवला और सर्प की सलाह पर

चूहों के केस की सुनवाई कर रहे हैं-

गोहटा!

गिरगिट और गोजर सभा के सम्मानित सदस्य हैं

काने कुत्ते अंगरक्षक हैं

बहरी बिल्लियाँ बिल के बाहर बंदूक लेकर खड़ी हैं

टिड्डे पिला रहे हैं चाय-पानी

गुप्तचर कौएं कुछ कह रहे हैं

साँड़ समर्थन में सिर हिला रहे हैं

नीलगाय नृत्य कर रही हैं

छिपकलियाँ सुन रही हैं संवाद-

सेनापति सर्प की

मंत्री नेवला की

राजा गोहटा की….

अंत में केंचुआ किसान को देता है श्रधांजलि

खेत में

और मुर्गा मौन हो जाता है

जिसे प्रजातंत्र कहता है मेरा प्यारा पुत्र

मेरे मुल्क की मीडिया!

                              -गोलेन्द् पटेल

                           Banaras Hindu University


Related Posts

Bhut yad aate ho tum by vijay Lakshmi Pandey

July 23, 2021

 शीर्षक : बहुत याद आते हो “तुम”…!!! ऊँची -ऊँची इमारतें …! शहरों की चहल -पहल , महंगी गाड़ियों की रेलम-रेल

Barish kavita by abhijeet anand bihar

July 23, 2021

शीर्षक – “बारिश”  आज धरा की गुहार है रंग लाई, नीले नभ में घनघोर बदरी छाई, प्रकृति की छटा मनमोहक

Daya kavita by anup kumar verma

July 23, 2021

 शीर्षक – दया  दया धर्म और प्रेम का, रखे नित हम ध्यान।  दया हृदय में रखिए, करे नहीं अभिमान।। करे

Talash kavita by Kalpana kumari Patna

July 23, 2021

 स्वरचित कविता तलाश ——– जाने कैसी डोर बंधी है, चाहूं भी तो छोड़ सकूं ना, मेरे हृदय के तार हो

swarg kavita by anita sharma jhasi

July 23, 2021

स्वर्ग सुकर्म को चुनो है अब,    मनःशान्ति सुख मिलता।       स्वर्ग सा आनंद धरा में मिलता,  

chhoti behna kavita by Anita Sharma jhasi

July 23, 2021

 छोटी बहिना एक डाली के फूल थे हम ,     कितने बसंत साथ जिये।         हर

Leave a Comment