kavita – Gyani abhimani mosam khan alwar
अज्ञानी अभिमानी सबसे अच्छा है तू इंसान , सबसे ज्यादा है तेरा सम्मान,, पल भर की ये तेरी …
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हार क्यों मान ली जाए?- जितेन्द्र ‘कबीर’
January 6, 2022
हार क्यों मान ली जाए? बुरे से बुरा क्या हो सकता हैहमारे साथ?यही कि हमारी धन – संपत्तिहमारे हाथ से
सफेद आसमां- जितेन्द्र ‘कबीर’
January 6, 2022
सफेद आसमां कड़ाके की सर्दी मेंरजाई का मोह छोड़ पाओ अगरतो निकलो बाहर जराआंगन चौबारे तक, देखो ऊपर!आसमान बरसा रहा
खट्टी मीठी यादें – डॉ इंदु कुमारी
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नव वर्ष – डॉ. इन्दु कुमारी
January 6, 2022
नव वर्ष नववर्ष तो नववर्ष हैअंग्रेजी हो या हिन्दी मधुमय हो जीवन येनई उल्लास के साथ स्फुरण हो विलक्षण ऐतिहसिक
पैगाम – डॉ. इन्दु कुमारी
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अजीज मेरे- डॉ. इन्दु कुमारी
January 6, 2022
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