Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

Dr_Madhvi_Borse, story

Kahani :”हो सकता है।”

कहानी : “हो सकता है।” एक बार की बात है एक चीनी किसान था जिसका घोड़ा भाग गया। उस शाम …


कहानी : “हो सकता है।”

एक बार की बात है एक चीनी किसान था जिसका घोड़ा भाग गया। उस शाम सभी पड़ोसी आ गए और बोले, “यह बहुत बुरा है।” और किसान ने कहा, “हो सकता है।” अगले दिन घोड़ा वापस आया और अपने साथ सात जंगली घोड़े ले आया। और सभी पड़ोसियों ने आकर कहा, “यह बहुत अच्छा है, है ना?” और किसान ने कहा, “हो सकता है।”

अगले दिन उसका बेटा, जो इन घोड़ों में से एक को वश में करने का प्रयास कर रहा था, और उसकी सवारी कर रहा था और फेंक दिया गया, उसका पैर टूट गया। और सारे पड़ोसी शाम को आ गए और कहा, “अच्छा, यह बहुत बुरा है, है ना?” और किसान ने कहा, “हो सकता है।”

अगले दिन भरती अधिकारी सेना के लिए लोगों की तलाश में इधर-उधर आ गए। उन्होंने उसके बेटे को ठुकरा दिया क्योंकि उसका पैर टूट गया था। और सभी पड़ोसी उस शाम के आसपास आए और कहा, “अच्छा, क्या यह अद्भुत नहीं है?” और किसान ने कहा, “हो सकता है।”

कहानी का नैतिक: हमें अपने साथ होने वाली चीजों को अच्छे या बुरे के रूप में लेबल करने में सावधानी बरतनी चाहिए। ब्रह्मांड की कारण श्रृंखला जटिल और अनंत है। वास्तविक जीवन की कहानियां सुखद अंत के बाद भी जारी रहती हैं।

About author             

dr madhvi borse

डॉ. माध्वी बोरसे!

अंतरराष्ट्रीय वक्ता
( स्वरचित व मौलिक रचना)
राजस्थान (रावतभाटा)

Related Posts

मां का असीम प्रेम

May 26, 2022

 मां का असीम प्रेम! सबसे भोली , प्यारी हे मां, है यह तो प्रेम की प्रतिमा, इसकी गोदी में बसा

अतीत से परे आगे की ओर बढ़े!

May 25, 2022

अतीत से परे आगे की ओर बढ़े! मुड़ कर ना देखो,जो पीछे छूट गया,आगे बढ़कर लिखो,अपना भविष्य नया! कुछ छुटने

यथार्थ मार्ग!

May 25, 2022

 यथार्थ मार्ग! कुरीतियां और बुरी आदतों को बदलें, इस जिंदगी की राह में थोड़ा और संभले, जितनी हो गई गलतियां

बेबाक हो जाए

May 25, 2022

 बेबाक हो जाए। चुनौतियों का सामना करते हैं, सच्चाई के लिए लड़ते हैं, इंसानियत पर डट कर चलते हैं चलो

चालाक लोमड़ी

May 25, 2022

 चालाक लोमड़ी! भरी दोपहर में एक दिन लोमड़ी भटके, कर रही थी भोजन की तलाश, दिखे उसे बेल में अंगूर

कहानी-वैधुर्य

May 25, 2022

 वैधुर्य  आज रामी ने अपने बहु बेटे को अलग से अपना घर बसाने का कह दिया।बेटा जीगू ने अपने बापू

PreviousNext

Leave a Comment