Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

poem

jeet nishchit hai by anita sharma jhasi

 जीत निश्चित है– लक्ष्य हो स्पष्ट तो ,आत्म विश्वास भरो। दृढ़ संकल्प संग , मेहनत में जुट जाओ। व्यवधान बहुत …


 जीत निश्चित है–

jeet nishchit hai by anita sharma jhasi

लक्ष्य हो स्पष्ट तो ,आत्म विश्वास भरो।

दृढ़ संकल्प संग , मेहनत में जुट जाओ।

व्यवधान बहुत आयेग,हिम्मत रख बढ़ना।

इच्छा शक्ति के साथ,हर मुश्किल सहना ।

लोग बहुत बातें कर, दुर्बल करने प्रयत्न करेंगे।

बढ़ते जाना,चलते रहना,मंजिल पास मिलेगी।

रूकना नहीं,थमना नहीं,मंजिल तक जाना हैं।

विजय का फल ,इक रोज मिलेगा ही।

विजय निश्चित ही होती है,संघर्ष करने से।

आगे बढ़ जाते ,जो लक्ष्य उन्हीं को मिलता।

विजय का पर्चम फहराओ दृढ़ता से बढ़कर।

आगे ही आगे बढ़ायेगें कदम ।।

—-अनिता शर्मा झाँसी

—-मौलिक रचना

 


Related Posts

होलिका दहन-अनिता शर्मा

March 25, 2022

होलिका दहन जला कर राख कर दो अपनी सभी दुर्भावनाएॅ।चलो मनों में भरे सद्भावनामिटाये बैर दिलों से अपने।दहन कर दे

आशा- अनिता शर्मा

March 25, 2022

आशा उसने मुझे मुस्कुरा कर देखा,कौन हो तुम?हौले से पूछा।उसने आंखो में चमक भर कहा,मैं तो हूँ,तुम्हारी ही आशा ।एक

बसंत-अनिता शर्मा झाँसी

March 25, 2022

बसंत बसंत की बहार आई ,रंगों की फुहार लाई।चले आओ सजना घर के अंगना ।रंगों संग उमंग लाई,चेहरों पर निखार

भारतीय नारी अबला या सबला-अनिता शर्मा झाँसी

March 25, 2022

भारतीय नारी अबला या सबला भारतीय संस्कृति की प्रतीक तूधन्य धन्य तू हे भारत की नारी ।कब अबला थी ,त्याग

चाँद सी माँ-अनिता शर्मा झाँसी

March 25, 2022

चाँद सी माँ चाँद की शीतलता माँ में देखीशांत भावुकता से भरी हुई।बच्चों को देखकर मुस्कुरातीज्यों शरद् चंद्र,श्वेत रजत बिखरे।स्निग्धता

होली की फुहार- अनिता शर्मा झाँसी

March 25, 2022

होली की फुहार होली आई रे आई दिलों में छाई।गाओ रे गाओ खुशी के गीत गाओ।रंगों संग फुहार बरसे प्रियतम

Leave a Comment