Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

poem

Hindi ki mahanta by dr uma singh baghel

 हिन्दी की महानता ,  हिन्द हमारी हिन्द की भाषा , हम इसके बासी हैं , मातृभूमि के चरणों में अर्पित, …


 हिन्दी की महानता , 

Hindi ki mahanta by dr uma singh baghel

हिन्द हमारी हिन्द की भाषा ,

हम इसके बासी हैं ,

मातृभूमि के चरणों में अर्पित,

हम इसके आभारी हैं ,

तन मन में छाया हिन्दी ,

मन मन्दिर में राग है ,

हर काया को भाया हिन्दी ,

हम सबका मनमीत हैं,

देश देशांचल ने माना हिन्दी ,

हर पग पग में  इसका शौर है ,

कागज की भरपायी हिन्दी ,

देवनागरी लिपि कहलाई हिन्दी ,

बच्चा बच्चा की बोल हिन्दी ,

गली गली में शौर हिन्दी ,

राष्ट्र की बुनियाद है हिन्दी ,

अन्तर्राष्ट्रीय प्रभाव है हिन्दी ,

हिन्द फौज की आवाज है हिन्दी ,

हम सब की पुकार है हिन्दी …..

-डॉ उमा सिंह बघेल


Related Posts

अच्छे के लिए होता है !

March 26, 2022

अच्छे के लिए होता है ! राजा और मंत्री शिकार के लिए निकले, जंगल में आए, बहुत सारी झाड़ी और

दयावान बने!

March 26, 2022

दयावान बने! सोए हुए शेर के ऊपर चढ़ा चूहा,शेर उठा और हुआ आग बबूला,गुस्से में कहा, तुम्हें कौन बचाएगा,यह खूंखार

अजय प्रसाद की रचनाएं

March 26, 2022

अजय प्रसाद की रचनाएं  हमसे हमारे ख्वाब न छीन काँटों भरी गुलाब न छीन ।जिंदा तो हूँ गफलत में सहीयादों

मेरा मन है एक बंजारा- वीना आडवाणी तन्वी

March 26, 2022

मेरा मन है एक बंजारा मेरा मन है एक बंजारा स्थिर नहीं ये फिरता मारामाराकभी प्राकृतिक सौंदर्य में फिरेतो कभी

हौंसले-जयश्री बिरमी

March 25, 2022

हौंसले एक सुंदर नारीचल पड़ी गगन विहारीथा उसे उडना बहुतदूर दूर क्षितिज से भी दूरपंख थे छोटे और कोमलपार करेगी

जब वक्त थम सा गया-जयश्री बिरमी

March 25, 2022

जब वक्त थम सा गया एक बार ही मिली नजरें तो दिल उसी पर आ गयामिलने के लिए उसी से

PreviousNext

Leave a Comment