Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

poem

Hindi Divas vishesh, hindi meri Bhasha by mainuddin kohri

हिन्दी दिवस पर विशेष       हिंदी मेरी भाषा    प्यारी – प्यारी  सबसे न्यारी मेरी भाषा । हिंदी …


हिन्दी दिवस पर विशेष

      हिंदी मेरी भाषा

  

Hindi Divas vishesh, hindi meri Bhasha by mainuddin kohri

प्यारी – प्यारी  सबसे न्यारी मेरी भाषा ।

हिंदी पर बिन्दी हिंदी प्यारी मेरी भाषा ।।

देश – विदेशों  मे  है  जिसका गुणगान  ।

सब से अच्छी  सबसे प्यारी मेरी भाषा ।।

ज्ञान – विज्ञान का अखूट भण्डार है  ये  ।

इसलिए सब जन-जन पढते मेरी भाषा ।।

हिंदी पढेगा गर भारत का बच्चा – बच्चा।

सम्प्रेषण में भी उपयोगी होगी मेरी भाषा ।।

खेल – सिनेमा जगत ने जिसको अपनाया ।

एकता का पाठ हमें पढ़ाने वाली मेरी भाषा ।।

सब  भाषाओं  के संग  जिसने मेल बिठाया ।

भाषायी-ज्ञान जन – जन तक लाई मेरी भाषा ।।

राष्ट्र – भाषा का मान-सम्मान  जिसको मिला ।

देव नागरी लिपि जिसकी वो वैज्ञानिक भाषा ।।

सूफ़ी-संत – साहित्यकारों ने जिससे यश पाया ।

जाति,धर्म-पंथ सब के मुख शोभित मेरी भाषा ।।

सविंधान ने जिस भाषा  को गौरवान्वित  किया ।

हिंदी दिवस के रुप में  जिसे मनाते वो मेरी भाषा ।।

अटल जी ने यू एन ओ में  जिसका मान  बढाया  ।

हिंदी  हैं  हम  वतन , हिंदी  है  प्यारी  मेरी  भाषा ।।

मईनुदीन कोहरी ” नाचीज बीकानेरी “

मोहल्ला कोहरियान, बीकानेर 

मो- 9680868028


Related Posts

हाजिर जवाबी अटल बिहारी- डॉ. इन्दु कुमारी

December 27, 2021

हाजिर जवाबी अटल बिहारी देश की माटी ने दी सदाअमूल्य तोहफ़ा निशानीवीरता के परचम कोलहराते रहे हैं बलिदानी उन्हीं श्रेणी

रणछोड़ – डॉ. इन्दु कुमारी

December 27, 2021

शीर्षक -रणछोड़ जिस बातों की है वियोगछोड़ कर भागा रणछोड़ढूँढती है नैना तुझकोभूल गए सलोने मुझको वेदना हमें मिले उपहारक्या

बिकते – बहकते वोटर- जितेन्द्र ‘कबीर’

December 27, 2021

बिकते – बहकते वोटर लोकतंत्र में… वोट के अधिकार के लिएकिसी योग्यता या मेहनत कीजरूरत नहीं पड़ती,बस पैदा होना ही

नंबर आएगा सभी का- जितेन्द्र ‘कबीर’

December 27, 2021

नंबर आएगा सभी का कत्ल नहीं हुआ अब तक हमारा धर्म मानने वालों में से किसी का,हमारी जाति में से

कोई कुछ साथ न ले जा पाया- जितेन्द्र ‘कबीर’

December 27, 2021

कोई कुछ साथ न ले जा पाया रिश्वतें देकर रुपयों-पैसों,कीमती धातुओं, हीरे-जवाहरात की,दिन-रात स्तुति गान में रमे रहकर,सौदे बहुत किये

साड़ी- सुधीर श्रीवास्तव

December 27, 2021

साड़ी साड़ी सिर्फ़ परिधान नहींस्त्री गौरव की भी शान हैसाड़ी विश्व में भारतीय नारियों कामान सम्मान स्वाभिमान है। साड़ी में

Leave a Comment