Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

poem

Corona /vigyan by R.S. meena

कोरोना/विज्ञान जो कुछ भी हो,इक दिन कोरोना चला जायेगा । हम सबको इंसानियत का सबक सिखा जायेगा ।। ना आये …


कोरोना/विज्ञान

Corona /vigyan by R.S. meena

जो कुछ भी हो,इक दिन कोरोना चला जायेगा ।

हम सबको इंसानियत का सबक सिखा जायेगा ।।

ना आये मंदिर मस्जिद, ना भगवान बचाने आयेगा ।

अस्पताल खुला रहेगा,और विज्ञान बचाने आयेगा ।।

अब वो नासमझ होगा ,जो समझ नहीं पायेगा ।

आखिर मत्था ठेकने को ,वो मंदिर में ही जायेगा ।।

खुद का दीप जला न सका,वो तुम्हे क्या बचायेगा ।

इंसान ही तेरे काम आयेगा, डॉक्टर तुम्हे बचायेगा ।।

अबतक जितनी भी हुई,मंदिर मस्जिद की कमाई ।

अब वो पूरी कमाई, कोरोना के काम आ जाये ।।

ईश्वर अल्लाह तेरा नाम भी,अब ऊँचा हो जाये ।

गर मंदिर मस्जिद ,आइसोलेशन के काम आ जाये ।।

अब मूर्ख वही होगा, जो दिमाग नहीं चलायेगा ।

जो अपनी तारीफ़ कर, औरों को बहलायेगा ।।

कभी थाली बजाये,तो कभी दीपक जलायेगा ।

ये कड़वा सच है ,की वो अंधभक्त कहलायेगा ।।

नज़र में मेरी वो ज़ाहिल हैं ,जो विवाद करता हैं ।

अक्सर जो मंदिर मस्जिद की ,बात करता हैं ।।

इंसान वही जो,अमन शांति की इबादत करता हैं ।

“स्वरूप” शिक्षा और अस्पतालों की,बात करता है ।।

  ==== R.S.meena Indian ✍️====


Related Posts

कविता–कृष्ण की व्यथा| krishna ki vyatha

January 9, 2023

कविता–कृष्ण की व्यथा क्या कृष्ण की कोई व्यथा नहीं थी? उनकी पीड़ा की कोई गाथा नहीं थी? छोड़ा गोकुल मैया

कविता – ‘रूह’ | kavita rooh

January 9, 2023

कविता – ‘रूह’ मैं अजर हूँ मैं अमर, जीवन मृत्यु से हूँ परे।रहती हूँ प्राणी के तन में मैं,दिए में

Ayurved par kavita | आयुर्वेद पर कविता

January 8, 2023

आयुर्वेद और मधुकवि हर दिन हर घर आयुर्वेद।। दूर करे तन मन के खेद।। नस नाड़ी को पुष्ट बनाता।। त्रिविध

Kashmir par kavita | कश्मीर पर कविता

January 8, 2023

अपना कश्मीर और मधुकवि अब तो सोए हुए भारती जाग जा|| देखले अपने भारत की क्या है दशा|| आज हिन्सा

व्यंग कविता –बातों में शेर हूं पर काम में ढेर हूं

January 8, 2023

 व्यंग कविता –बातों में शेर हूं पर काम में ढेर हूं सीज़न में जनता से बड़ी-बड़ी बातें करता हूं  गंभीर

नए साल में नई शुरुआत!

January 6, 2023

नए साल में नई शुरुआत! नया-नया सा साल, नई नई सी बातें,नया नया सब कुछ है, नई नई सौगातें,नए-नए से

PreviousNext

Leave a Comment