Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

poem

Bhul jane ki takat rakhte hai by vijay Lakshmi Pandey

 भूल जानें की ताक़त रखते हैं …!! हर लम्हा गुज़रता है मेरा , दर्द     के   आग़ोश   में । जख़्म  …


 भूल जानें की ताक़त रखते हैं …!!

Bhul jane ki takat rakhte hai by vijay Lakshmi Pandey

हर लम्हा गुज़रता है मेरा ,

दर्द     के   आग़ोश   में ।

जख़्म  क्या  देगा   कोई ,

हूँ   कहाँ   मैं  होश   में ।।

*******************

आँखों   में   समंदर   की ,

लहरें             समेटकर ।

बातों  में  ख़ूब  सूरत सी,

नज़ाकत       रखते  हैं ।।

जख़्म    दफ़न    करना,

आदत     है      हमारी ।

पलभर में मान जानें की,

शराफ़त    रखते     हैं ।।

कभी रोए ना मुस्कुराए,

ये  मेहरबानीं  आपकी ।

हम  तो  अपनें  आपसे ,

शिक़ायत    रखते   हैं ।।

टूटें   या    बिख़र जाएं ,

कुछ  उसूल   है  हमारा।

नाज़   है   ख़ुद      पर,

ये    खुद्दारी   रखते हैं ।।

कभी  मुस्कुरा  लेते  हैं,

ज़मानें  के  ख़ौफ़   से ।

बड़े   ज़ालिम  हैं  लोग ,

फ़िक्र हमारी  रखते हैं ।।

किताबों   से     नज़्म ,

रुख़्सत  हैं  आज़कल।

नग़में     पिरोनें     की ,

क़लमकारी  रखते हैं ।।

बन्दग़ी  इस   उम्र की ,

क़ुबूल   कर   “विजय”।

जो खो गया भूल जाने की, 

ताक़त     रखते     हैं ।।

             विजय लक्ष्मी पाण्डेय

             एम. ए., बी.एड.,(हिन्दी)

             स्वरचित मौलिक रचना

                   आजमगढ़,उत्तर प्रदेश


Related Posts

Shikshak Teri kahani by dr indu kumari

September 9, 2021

 शिक्षक तेरी कहानी गुरू का दर्जा सबसे ऊंचा कहलाते हैं राष्ट्र निर्माता   शिष्योंके हैं भाग्य विधाता उनके शरण में

Shikshak divas vishesh kavita mere guruji by dr. Kamlendra kumar

September 4, 2021

 शिक्षक दिवस पर विशेष कविता           मेरे गुरुजी  आँखों मे चश्मा चमक रहा, है गेहुंआ रंग ।

Sukhi sansar by Sudhir Srivastava

September 4, 2021

 सुखी संसार किसी का कभी भी सुखी संसार नहीं होता, क्योंकि किसी के मन में ऐसा विचार जो नहीं होता।

Dosharopan by Jitendra Kabir

September 4, 2021

 दोषारोपण नसीब और भगवान ( चाहे होते हों या नहीं ) कोई बड़ा प्रयास करने में, संघर्ष के कष्टदायक दिनों

Hamare samaj ki bhedchal by Jitendra Kabir

September 4, 2021

 हमारे समाज की भेड़चाल ज्यादातर अमीर और प्रभावशाली लोग अपनी धन-संपत्ति, ऐश्वर्य-विलासिता कामयाबी, सत्ता, मशहूरी के छिन जाने की आशंका

Kamkaji mahilaon ki trasdi by Jitendra Kabir

September 4, 2021

 कामकाजी महिलाओं की त्रासदी कामकाजी महिलाएं   पिसती हैं प्रतिदिन  घर की जिम्मेदारियों और नौकरी के बीच, घर के कामों को 

Leave a Comment