Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

Lalmani-dwivedi, lekh

सरकार ऐडेड विद्यालयों का राजकीयकरण

सरकार ऐडेड विद्यालयों का राजकीयकरण कर दे, 18 वर्ष पूर्व छीनी गई पुरानी पेंशन को वापस लौटा दे, आज से …


सरकार ऐडेड विद्यालयों का राजकीयकरण

सरकार ऐडेड विद्यालयों का राजकीयकरण कर दे, 18 वर्ष पूर्व छीनी गई पुरानी पेंशन को वापस लौटा दे, आज से 40 वर्ष पूर्व स्थापित चयन बोर्ड तथा चयन बोर्ड अधिनियम 1982 की धारा 21, 18 तथा 12 में मिली हुई शिक्षकों की सेवा सुरक्षा और सेवा शर्तों को वापस कर दे, पूंजीपतियों और शिक्षा के व्यापारियों को लाभ पहुंचाने के इरादे से प्रदेश के गरीबों और वंचितों के लिए स्थापित जन शिक्षा व्यवस्था के निजीकरण की साजिश को बंद कर दे, दैनिक मजदूरों से भी बदतर हालत में जी रहे वित्त विभिन्न विद्यालय के शिक्षकों को आर्थिक न्याय दे दे तथा सरकार अपने शिक्षा विभाग के कार्यालयों में व्याप्त भ्रष्टाचार और कार्यसंस्कृति को सुधार ले, तो शिक्षक इस आंदोलन और संघर्ष के रास्ते से खुद-ब-खुद दूर हो जाएंगे। सरकार से निवेदन है कि उज्जवल पक्ष और कृष्ण पक्ष बता कर शिक्षकों के विभाजन की राजनीति को बंद करें।

उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षक संघ (संयुक्त मोर्चा) के संयोजक लालमणि द्विवेदी ने उत्तर प्रदेश सरकार से मांग किया कि सरकार को शिक्षा के विकास की रेखाएं चतुर्थांश या अर्ध वृत्त में नहीं बल्कि संपूर्ण वृत्त में खींचना चाहिए। उपरोक्त मांग करते हुए संयुक्त मोर्चा के संयोजक लालमणि द्विवेदी ने बताया कि आज माध्यमिक शिक्षा से जुड़े 14 संगठनों की एकजुटता और सहयोग से संयुक्त मोर्चा के बैनर तले माध्यमिक विद्यालयों में चाक डाउन शतप्रतिशत सफल रहा। संयुक्त मोर्चा के संयोजक श्री द्विवेदी ने कहा कि अभी तो केवल माध्यमिक शिक्षक से जुड़े संघ एक मंच पर आए हैं, बहुत जल्द प्राथमिक, माध्यमिक, उच्च शिक्षा, संस्कृत विद्यालयों, मदरसा तथा सभी श्रेणी के वित्तविहीन विद्यालयों के शिक्षकों और शिक्षक संगठनों को एक मंच पर जोड़ा जाएगा। प्रदेश के एक-एक शिक्षक को लामबंद करेंगे। सरकार यदि किसानों, मजदूरों, छोटे दुकानदारों, ठेले-खोमचे वालों के बच्चों के लिए चल रही जन शिक्षा व्यवस्था को शिक्षा का व्यवसाय करने वालों को लाभ देने की साजिश बंद नहीं करेगी, तो हम मजबूर होकर गरीब विद्यार्थियों के अभिभावकों को भी इस आंदोलन से जोड़ेंगे।

उन्होंने कहा कि प्रदेश शिक्षक अपने विद्यालयों में शांतिपूर्वक पठन-पाठन का अपना कार्य करना चाहता है, इसलिए सरकार से अनुरोध करते हैं कि शीघ्र से शीघ्र संयुक्त मोर्चा के प्रतिनिधिमंडल मंडल से वार्ता करके समस्याओं का समाधान करें।

लालमणि द्विवेदी
संयोजक
उ०प्र० माध्यमिक शिक्षक संघ
(संयुक्त मोर्चा)


Related Posts

358 दिन के आंदोलन से हुई लोकतंत्र की जीत

November 22, 2021

 किसान एकता के आगे झुकी सरकार, हुई कृषि कानून की वापसी 358 दिन के आंदोलन से हुई लोकतंत्र की जीत

Kya sayana kauaa ….ja baitha by Jayshree birmi

November 17, 2021

 क्या सयाना कौआ………जा बैठा? हमे चीन को पहचान ने के लिए ज्यादा कोशिश नहीं करनी पड़ती।हम १९६२ से जानते है

Sanskritik dharohar ko videsho se vapas lane ki jarurat

November 13, 2021

 भारत की अनमोल, नायाब, प्राचीन कलाकृतियां, पुरावशेष और सांस्कृतिक धरोहरों को विदेशों से वापस लाने की जांबाज़ी हर शासनकाल में

Bal diwas he kyo? By Jayshree birmi

November 12, 2021

 बाल दिवस ही क्यों? कई सालों से हम बाल दिवस मनाते हैं वैसे तो दिवस मनाने से उस दिन की

Bharat me sahitya ka adbhud khajana by kishan bhavnani gondiya

November 12, 2021

भारत में साहित्य का अद्भुद ख़जाना –   साहित्य एक राष्ट्र की महानता और वैभवता दिखाने का एक माध्यम है 

Masoom sawal by Anita Sharma

November 12, 2021

 ” मासूम सवाल” एक तीन सवा तीन साल का चंचल बच्चा एकाएक खामोश रहने लगा….पर किसी ने देखा नही।उस छोटे

Leave a Comment