Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

mainuddin_Kohri, poem

सफर- मईनुदीन कोहरी “नाचीज बीकानेरी”

सफर “जिंदगी का सफर”पेड़ की छाया जिस तरह इधर से उधर जाती है ।आदमी की जिंदगी भी सुख-दुख में कट …


सफर

सफर- मईनुदीन कोहरी "नाचीज बीकानेरी"

“जिंदगी का सफर”
पेड़ की छाया जिस तरह इधर से उधर जाती है ।
आदमी की जिंदगी भी सुख-दुख में कट जाती है।
हवा के झोंकों से पेड़ के पते जैसे झड़ जाते हैं ।
सांसें रुक-रुक के चले तो जिंदगी भी थम जाती है।।
जिंदगी में दर्द न हो तो जिंदगी भी कैसी ।
दर्द-ए-दिल की दवा से जिंदगी सँवर जाती है।।
आईना भी हमसे बार-बार कुछ कहता सा है।
बार-बार देखने से क्या शक्ल बदल जाती है।।
घबरा के जिंदगी जीने से तो मौत ही अच्छी।
जिंदादिली से जीने वालों की उम्र बढ़ जाती है।।
हौसलों से ही जिंदगी का सफर तय होता है।
डूबने वाली कस्ती तो किनारे पर ही डूब जाती है।।

मईनुदीन कोहरी
“नाचीज बीकानेरी”
मो-9680868028


Related Posts

Kavita – antim iccha | अंतिम इच्छा

December 30, 2023

अंतिम इच्छा सुनो दिकु… बस एक अंतिम इच्छा हैतुम से मुलाकात करने कीमेरे जीवन में तुम्हारा जो महत्त्व है उसपर

कविता-सूखा पेड़ | sukha ped

December 30, 2023

कविता-सूखा पेड़ सूखे पेड़ को भी हराभरा होने की आश हैजैसे किसी प्यासे को पानी की प्यास हैदूसरे हरेभरे वृक्ष

कविता – तितली | kavita Titli

November 26, 2023

कविता :तितली | kavita – Titli  आसमान है रंग-बिरंगीरातों की झिलमिल-झिलमिलऔ तारों की चमक सुनहलीतितली के पंखों – सी उड़ी

कविता –औरत संघर्ष

November 14, 2023

कविता –औरत संघर्ष मेरी दोस्त! जब मैंने तुम्हें पढा़,तब मुझे एक जीवंत स्त्रीत्व का बीता हुआ कल स्मरण हो आया..राजनीतिक

कविता: दिवाली | kavita Diwali

November 13, 2023

कविता: दिवाली सुनो दिकु…अंतर्मन का अँधेरा मिट जाएगातुम्हारे आने से दिल का दीप जल जाएगा धरा होगी नर्म-सी शीतलइश्क में

देश की राजनीति और राजनीति का देश

November 12, 2023

“देश की राजनीति & राजनीति का देश “ सचमुच! यह तो ‘भारत’ हैभारत! हाँ, वही भारत, जहाँ चाणक्य थे। चाणक्य?

PreviousNext

Leave a Comment