Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

kishan bhavnani, lekh

शाकाहारी मनुष्यः दीर्घायुः भवति

आओ क्रूरता मुक्त जीवन शैली बनाने शाकाहारी बनें आधुनिक समाज में शाकाहारी आहार स्वस्थ जीवन शैली बनाने सबसे आश्चर्यजनक और …


आओ क्रूरता मुक्त जीवन शैली बनाने शाकाहारी बनें
शाकाहारी मनुष्यः दीर्घायुः भवति

आधुनिक समाज में शाकाहारी आहार स्वस्थ जीवन शैली बनाने सबसे आश्चर्यजनक और दिलचस्प आहारों में से एक है – एडवोकेट किशन भावनानी

गोंदिया – वैश्विक स्तरपर हमने कई बार स्वाइन फ्लू बर्ड फ्लू नामक बीमारियों के नाम सुने हैं लेकिन अभी दो साल से हम सब कोरोना महामारी से पीड़ित होकर उभरे हैं या यूं कहें कि अभी भी शुरू है। यह बीमारी भी चमड़े जानवर से प्रसारित हुई थी ऐसी जानकारी मीडिया में आई थी याने अनेक बीमारियों का प्रवाह मनुष्य में संक्रमण जानवरों से होता है जिससे गुर्दे का रोग अल्सर कैंसर चर्मरोग जैसी अनेक बीमारियों की संभावना होती है हालांकि हम इसकी सत्यता को प्रमाणित नहीं कर रहे हैं परंतु इलेक्ट्रॉनिक और प्रिंट मीडिया में अनेक बार ऐसी जानकारियां आती रहती है जो बताती है कि मांसाहार स्वस्थ जीवन के लिए अपेक्षाकृत सुदृढ़ आहार नहीं है दूसरी ओरमांसाहार के बढ़ते दौर से पर्यावरण को भी नुकसान पहुंचने की संभावना बनी रहती है इसीलिए ही रिचर्ड आर्टन मुख्य संपादक लासेन (मेडिकल जरनल) ने कहा है धरती पर जीवन बनाए रखने में कोई भी चीज मनुष्य को उतना फायदा नहीं पहुंचाएगी जितना कि शाकाहार का मिल रहा है। हालांकि कहा जाता है कि विश्व में सबसे अधिक शाकाहारी जीव भारत में ही रहते हैं, क्योंकि 1 नवंबर 2022 को विश्व शाकाहारी दिवस हम मना रहे हैं। हालांकि मीडिया में यह दिवस 1 अक्टूबर को भी बताया गया है। परंतु नई जानकारी के मुताबिक 1 नवंबर को इसलिए चुना गया क्योंकि यह हेलोवीन (31 अक्टूबर) और ऑल सोल्स डे (2 नवंबर) के बीच आता है, इसलिए वालिस को इन दोनों के साथ मेल खाने वाली तारीख पसंद आई जो दावत और उत्सव के लिए एक पारंपरिक समय प्रदान करता है और शाकाहारी दिन उसके लिए पूरी तरह से फिट बैठता है इसीलिए आज हम मीडिया में उपलब्ध जानकारी के सहयोग से इस आर्टिकल के माध्यम से विश्व शाकाहारी दिवस 1 नवंबर 2022 पर चर्चा करेंगे।

 
साथियों बात अगर हम शाकाहारी जीवनशैली की करे तो, शाकाहार एक जीवन शैली है जिसे प्रत्येक व्यक्ति स्वस्थ जीवन के लिएचुनता है। एक अच्छी और स्वस्थ जीवन शैली के लिए शाकाहारी भोजन के अपने फायदे हैं, कई स्वास्थ्य लाभ हैं जो एक शाकाहारी आहार प्रदान करता है और इसलिएलोगों को शाकाहारी आहार के स्वास्थ्य लाभों के बारे में जागरूक करने और इसे बढ़ावा देने के लिए विश्व शाकाहारी दिवस मनाया जाता है।भारत में ज्यादातर लोगशाकाहारी भोजन खाना पसंद करते हैं। बीमार होने पर अक्सर डॉक्टर फल और सब्जियां खाने की सलाह देते हैं. यानि शरीर को ठीक करने में वेजिटेरियन खाना फायदा करता है। शाकाहारी खाने में भरपूर पोषक तत्व पाए जाते हैं। फल, सब्जियां, दालों और अनाज विटामिन और मिनरल्स का भंडार हैं। हालांकि दुनिया में सिर्फ 10 फ़ीसदी आबादी ही शाकाहारी है, जिसमें से सबसे ज्यादा संख्या भारत में है। अगर हम भी वेजिटेरियन हैं तो आज का दिन हमारे लिए सेलिब्रेशन का दिन होना चाहिए क्योंकि आज 1 नवंबर को हर साल विश्व शाकाहारी दिवस के रूप में मनाया जाता है।

साथियों बात अगर हम शाकाहारी भोजन के स्वास्थ्य और पर्यावरण के लिए फायदों की करें तो शाकाहारी भोजन न सिर्फ स्वास्थ्य को बेहतर बनाता है बल्कि पर्यावरण के लिए भी अच्छा है। शाकाहारी खाने में सब्जियों, बीज, फलियां, फल, नट्स और अनाज शामिल होते हैं। इसमें पशु उत्पाद जैसे, डेयरी और शहद भी शामिल हैं। इस दिन लोगों को पर्यावरण को सुरक्षित रखने, पशु कल्याण और जानवरों को बचाने पर जोर दिया जाता है। लोगों को शाकाहारी भोजन के फायदों के बारे में बताया जाता है। ये फायदेमंद है शाकाहारी भोजन (1) – वेजिटेरियन डाइट हाई फाइबर डाइट होती है, जिससे हमारी गट हेल्थ अच्छी रहती है। इससे पेट से जुड़ी समस्याएं जैसे कब्ज, पेट दर्द, और भारीपन दूर होता है। (2) – शाकाहारी खाना न सिर्फ शरीर को स्वस्थ रखता है बल्कि इससे आपकी उम्र भी बढ़ती है और शरीर बीमारियों से दूर रहता है। (3) – वजन घटाने, कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल रखने, डायबिटीजऔर हार्ट के खतरे को कम करने के लिए भी वेजिटेरियन डाइट लेने की सलाह दी जाती है। (4)-बालों को मजबूत बनाने और स्किन को हेल्दी और चमकदार बनाने के लिए भी वेजिटेरियन डाइट अच्छी मानी जाती है। (5) – शाकाहारी खाने से शरीर को जरूरी विटामिन और मिनरल्स आसानी से मिल जाते हैं।

साथियों बात अगर हम विश्व शाकाहारी दिवस मनाने की करें तो, विश्व शाकाहारी दिवस लोगों को पशु उत्पादों को छोड़ने के लिए प्रोत्साहित करने के लिए पर्यावरणीय विचारों, पशु कल्याण और व्यक्तिगत स्वास्थ्य लाभों पर जोर देने के लिए मनाया जाता है यूनानी दार्शनिक और गणितज्ञ पाइथागोरस इस आहार का समर्थन करते थे जिनके नाम पर ये नाम रखा गया था। इसके बाद 1960 के दशक में अमेरिका और ब्रिटेन में भी शाकाहारी खाने को लेकर जागरुकता बढ़ने लगी। इसके बाद 1977 में उत्तर अमेरिकी वेजिटेरियन सोसाइटी ने हर साल 1 अक्टूबर को विश्व शाकाहारी दिवस में मनाने की घोषणा की, मांसाहारी लोगों को किन-किन बीमारियाँ होने की संभावना होती है? यह है डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर, दिल की बीमारी, कैंसर, गुर्दे का रोग, अल्सर, बर्ड फ्लू, स्वाइन फ्लू जैसी कई बीमारियां होने की अधिक सम्भावना होती हैहालांकि इस आर्टिकल का उद्देश्य इसे साबित करना नहीं है बल्कि शाकाहार के लिए स्वास्थ्य और पर्यावरण को सुरक्षात्मक उपायों तक पहुंचाना है।

 
अतः अगर हम उपरोक्त पूरे विवरण का अध्ययन कर उसका विश्लेषण करें तो हम पाएंगे कि
शाकाहारी मनुष्यः दीर्घायुः भवति
आओ क्रूरता मुक्त जीवन शैली बनाने शाकाहारी बने। आधुनिक समाज में शाकाहारी आहार स्वस्थ जीवन शैली बनाने के लिए सबसे आश्चर्यजनक और दिलचस्प आहारों में से एक है।

About author

Kishan sanmukh

-संकलनकर्ता लेखक – कर विशेषज्ञ स्तंभकार एडवोकेट किशन सनमुखदास भावनानी गोंदिया महाराष्ट्र


Related Posts

विश्व जनसंख्या दिवस 11 जुलाई 2022 पर विशेष

July 13, 2022

 विश्व जनसंख्या दिवस 11 जुलाई 2022 पर विशेष  बेरोजगारी, भुखमरी, अशिक्षा रूपी समस्याओं से छुटकारा सहित भविष्य के अवसर, अधिकार

आओ स्वच्छ सागर, सुरक्षित सागर स्वच्छता अभियान को सफल बनाएं

July 13, 2022

 आओ स्वच्छ सागर, सुरक्षित सागर स्वच्छता अभियान को सफल बनाएं  मानव समाज समुद्र और महासागरों की प्राकृतिक संपदा से लगातार

मिशन वात्सल्य /mission vatsalya

July 13, 2022

 मिशन वात्सल्य /mission vatsalya  भारत के हर बच्चे के लिए हमें स्वस्थ खुशहाल बचपन सुनिश्चित करना, संवेदनशील समर्थनकारी और समकालीन

कमाई की होड़ में शिक्षण संस्थान,

July 13, 2022

 कमाई की होड़ में शिक्षण संस्थान, शिक्षा का बाजार या बाजार की शिक्षा। प्रियंका ‘सौरभ’ शिक्षा के व्यावसायीकरण के कारण

भारत और शिंजो आबे| india and shinzo Abe

July 10, 2022

 भारत और शिंजो आबे (आबे प्रत्येक माध्यम से भारत के साथ खड़े थे। डोकलाम संकट और मौजूदा गतिरोध के दौरान

4 जुलाई स्वामी विवेकानंद पुण्यतिथि पर विशेष|

July 3, 2022

“4 जुलाई स्वामी विवेकानंद पुण्यतिथि पर विशेष” “उठो, जागो और तब तक नहीं रुको जब तक मंजिल प्राप्त न हो

Leave a Comment