Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

kishan bhavnani, laghukatha

लघुकथा–बसंत पंचमी, सरस्वती पूजा आस्था और विश्वास की जीत

लघुकथा–बसंत पंचमी, सरस्वती पूजा आस्था और विश्वास की जीत मोहन और सोहन गहरे दोस्त थे। मोहन कानून में पीएचडी था …


लघुकथा–बसंत पंचमी, सरस्वती पूजा आस्था और विश्वास की जीत

लघुकथा–बसंत पंचमी, सरस्वती पूजा आस्था और विश्वास की जीत
मोहन और सोहन गहरे दोस्त थे। मोहन कानून में पीएचडी था और विदेश में कार्यरत था। कोविड के कारण भारत आ गया था। सोहन 12वीं पास था और छोटी सी कंपनी में भारत में कार्यरत था। एक दिन मोहन अपने दोस्त सोहन के घर आया तो देखकर दंग रह गया कि, सोहन को पीले वस्त्र पहने थे और मस्तक पर हल्दी का पीला टीका लगा था और सामने मां सरस्वती देवी का स्वरूप रखा था। पूजा पाठ चल रहा था जन्मदिन केक सुशोभित था, मानो कोई धार्मिक यज्ञ हो रहा हो उत्सुकता वश डॉ मोहन ने पूछा, सोहन,यह क्या इतनी सारी तैयारी??कोई महायज्ञ है?? सोहन ने कहा, मित्र मोहन आज बसंत पंचमी है। मां सरस्वती का जन्मदिन है। और इसी दिन सिख गुरु गोविंद सिंह जी का भी जन्मदिन है सभी शिक्षाविद आज बड़ी पूजा अर्चना, संगम में ब्रह्ममुहूर्त में डुबकी लगाना, और उच्च ज्ञानवान बनाने की प्रार्थना करते हैं। मैंने मां सरस्वती की दीक्षा ली है 12वीं पास किया हूं। मां की कृपा से आज का दिन शुभ माना जाता है, आज पेड़ पौधों को भी नहीं काटा जाता और आज का पर्व ज्ञान व स्वरों की देवी मां सरस्वती को समर्पित है। यह देख और सुन मोहन लज्जाप्रद हो गया और कहा, मित्र मैं तो पीजी और पीएचडी किया हूं। विदेश में बड़े-बड़े पद पर हूं।जिस शिक्षा वंदिनी के बल पर सब कुछ हूं उसे ही भुला बैठा हूं। और मुझे इसके बारे में कुछ मालूम ही नहीं और सोहन के चरणों में गिर पड़ा, कहा मित्र तुम तो मुझसे भी बड़े ज्ञानी और शिक्षाविद हो तुम भले ही, 12वीं पास हो छोटा सा जॉब है पर तुम सच्चे शिक्षाविद हो

*सीख* -कितना भी बड़ा शिक्षाविद हो पर मां सरस्वती की वंदना और बसंतपंचमी को ज्ञान, शिक्षा दाईनी के रूप में अर्चना कर,क्षमा याचना करना चाहिए, जिससे ज्ञान में वृद्धि होती है।

माननीय पीएम ने भी बसंत पंचमी सरस्वती पूजा की सभी को बधाईयां दीं उन्होंने कहा, बसंत पंचमी और सरस्वती पूजा के अवसर पर देशवासियों को शुभकामनाएं दी हैं। अपने एक ट्वीट में, पीएम ने कहा, बसंत पंचमी और सरस्वती पूजा का यह सुअवसर हर किसी के जीवन में नई ऊर्जा और नए उत्साह का संचार करे। मां विद्यादायिनी की वंदना से जुड़े इस पावन पर्व की आप सभी को हार्दिक शुभकामनाएं।

About author

कर विशेषज्ञ स्तंभकार एडवोकेट किशन सनमुख़दास भावनानी गोंदिया महाराष्ट्र
कर विशेषज्ञ स्तंभकार एडवोकेट किशन सनमुख़दास भावनानी गोंदिया महाराष्ट्र 


Related Posts

व्यंग्य कविता-नियमों कानूनों की धौंस बताता हूं niyamo kanoono ki dhaus batata hun

December 10, 2022

यह  व्यंग्यात्मक कविता हर शासकीय कार्यालय में लटकाने, भटकाने और माल चटकाने की प्रथा पर व्यंग्यात्मक कटाक्ष पर आधारित है 

मैंने भी भूमि संपादन की मलाई खाई| maine bhi bhumi sampadan ki malai khai

December 10, 2022

 यह व्यंग्यात्मक कविता भूसंपादन की स्थिति में सामान्य पड़ित ज़मीन को ओलित सिंचित या एनए करवाकर डबल से दस गुना

व्यंग्य कविता-क्योंकि मैं शासन का जँवाई राजा हूं| kyuki Mai shashan ka jawai raja hun

December 10, 2022

यह व्यंग्यात्मक कविता शासकीय कर्मचारियों का शासन पद चेयर में अभूतपूर्व सम्मान हरे गुलाबी की बारिश जनता पर ठस्का समाज

आओ परिस्थितियों से लड़कर इतिहास रचें

November 27, 2022

हिम्मत-ए-मर्दां मदद-ए-ख़ुदा आओ परिस्थितियों से लड़कर इतिहास रचें जो खुद में स्थिर होते हैं, हर परिस्थितियों से लड़ते हैं, वही

किताबी शिक्षा बनाम व्यवहारिक शिक्षा

November 27, 2022

किताबी शिक्षा बनाम व्यवहारिक शिक्षा डिग्रीयां तो पढ़ाई के खर्चे की रसीदें है – ज्ञान तो वही है जो किरदार

आओ अपनी काबिलियत का लोहा मनवाएं|let’s prove our ability

November 27, 2022

आओ अपनी काबिलियत का लोहा मनवाएं आओ अपने व्यक्तित्व को अपनी पहचान बनाकर इतिहास रचें व्यक्तित्व निर्माण एक सतत प्रक्रिया

PreviousNext

Leave a Comment