Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

lekh, Veena_advani

मेरी बिटिया (Poem)

मेरी बिटिया मुस्कुराहट तेरी मुझे है भाती तेरी मुस्कुराहट पर वारी जातीएक मुस्कान के लिए तेरी मैंभिन्न-भिन्न तरीके से रास …


मेरी बिटिया

मेरी बिटिया (Poem)

मुस्कुराहट तेरी मुझे है भाती

तेरी मुस्कुराहट पर वारी जाती
एक मुस्कान के लिए तेरी मैं
भिन्न-भिन्न तरीके से रास रचाती।।

नन्हे हाथों की छुअन गुदगुदाती
चुम्बन ले तेरा सीने से मैं लगाती
दुआओं से झोली तेरी भर जाती
तुझे पाकर ही मैं सम्पूर्ण कहलाती।।

तेरे नन्हें क़दमों की आहट भाती
पायलिया का शोर रस बरसाती
मेरी बिटिया रानी तू खेल सताती
गिरे जो तू तेरी चोट मुझे रूलाती।।

तुझे पा खुद को भाग्यशाली बताती
मां बन हर अनुभव का आनंद उठाती
बिटिया मेरी जब तू तुतला मां बुलाती
ममता भरी मोहब्बत तुझ पर लुटाती।।

About author 

Veena advani

वीना आडवाणी तन्वी
नागपुर , महाराष्ट्र


Related Posts

साहित्यकार महान

June 4, 2022

 साहित्यकार महान शब्दों के महाजाल का चक्रव्यूह बड़ा जंजाल इसमें उलझ सुलझ बने तीखे शब्द विकार लेखक है रोक ना

पाँच ऊँगली मिलकर मुठ्ठी बन जाती है

June 4, 2022

 “पाँच ऊँगली मिलकर मुठ्ठी बन जाती है” नहीं लगता सबको कि हम बिना एहसासों वालें बुत बनते जा रहे है?

क्यूँ न सतयुग की ओर कदम बढ़ाएं

June 4, 2022

 “क्यूँ न सतयुग की ओर कदम बढ़ाएं” “परित्राणाय साधूनां विनाशाय च दुष्कृताम् , धर्मसंस्थापनार्थाय संभवामि युगे युगे” गीता में श्री

विचलित कर देने वाला कारखाना है मन

June 4, 2022

 “विचलित कर देने वाला कारखाना है मन”                          

धरती कहे पुकार के (Only One Earth’ यानी केवल एक पृथ्वी)

June 4, 2022

 “धरती कहे पुकार के” (Only One Earth’ यानी केवल एक पृथ्वी) जल रहा है सीना माँ का बहती बयार सिसकती,

रिटायरमेंट के बाद क्या

June 4, 2022

 “रिटायरमेंट के बाद क्या” ज़िंदगी का रस है बेहद मीठा पी लो जल्दी-जल्दी, समय कम है और उम्र की सुराही

Leave a Comment