Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

poem

मुर्दा कौन- R.S.meena Indian

 कविता   “मुर्दा कौन” मुर्दा वो नहीं जिसे दिखता नहीं। मुर्दा वो हैं जो देख पाता नहीं।। मुर्दा वो नहीं जो …


 कविता   “मुर्दा कौन”

मुर्दा कौन- R.S.meena Indian
मुर्दा वो नहीं जिसे दिखता नहीं।

मुर्दा वो हैं जो देख पाता नहीं।।

मुर्दा वो नहीं जो सुनता नहीं।
मुर्दा वो हैं जो शांति चाहता नहीं ।।

मुर्दा वो नहीं जो आंखे खोल सकता नहीं।
मुर्दा वो हैं जो प्रेम की भाषा बोल सकता नहीं ।।

मुर्दा वो नहीं जो कभी हिल डोल सकता नहीं ।
मुर्दा वो हैं जो स्वार्थ बिना ,बोल सकता नहीं ।।

मुर्दा वो नहीं जो अर्थी पे लेटा हुआ है।
मुर्दा वो है जो खामोश बैठा हुआ है ।।

मुर्दा वो भी नहीं जो सबकुछ बेच रहा है।
मुर्दा वो हैं जो नफ़रत की दीवार खेच रहा हैं ।।

ये पूछता “स्वरूप” हैं की असली मुर्दा कौन है।
वो जो अपनी सत्ता की खातिर बैठा हुआ मौन हैं ।।

R.S.meena Indian


Related Posts

कितनी हैरानी की बात है!- जितेन्द्र ‘कबीर

January 7, 2022

कितनी हैरानी की बात है! कितनी हैरानी की बात हैकि भौतिक जीवन की सार हीनता औरमृत्यु को सहज भाव से

नशा एक परछाई-जयश्री बिरमी

January 7, 2022

नशा एक परछाई क्यों चाहिए तुम्हे वो नशाजो तुम्हे और तुम्हारे प्यारोंको करता बरबाद हैं नशा करों अपने काम काया

द्विधा में लोकतंत्र- जयश्री बिरमी

January 7, 2022

 द्विधा में लोकतंत्र  विरोध किसका संस्कृति का? क्यों हमारे समाज में कोई भी प्रश्न नहीं होने के बावजूद प्रश्नों को

सुबह- चन्दा नीता रावत

January 7, 2022

। । सुबह ।। सुबह सवेरे जब रात ढले सूर्य की किरणें पृथ्वी पर आतीपृथ्वी के हरे चादर पर लालिमा

गगन की बुलन्दीयो को छुना- चन्दानीता रावत

January 7, 2022

गगन की बुलंदियों को छूना हैं  उड़ना है हमे उड़ना हैगंगन की बुलंदियों को छूना हैआँखो के हसीन ख्वाब कोवास्तविकता कर जीना

जानना – चन्दानीता रावत

January 7, 2022

।।जानना ।। सृष्टि पर आये हो तो जानना सीखोजान जाओ परिस्थियो कोपरिवेश को तुम जानना सीखो सीख जाओगे तू जिन्दगी

Leave a Comment