Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

Deep madira, lekh, poem

बेरोजगार हूं-दीप मदिरा

बेरोजगार हूं कभी कट्टर हिंदूवादी हूं कभी कट्टर भाजपा समर्थक हूं कभी कट्टर मोदी समर्थक हूं कभी कट्टर योगी समर्थक …


बेरोजगार हूं

बेरोजगार हूं-दीप मदिरा
कभी कट्टर हिंदूवादी हूं
कभी कट्टर भाजपा समर्थक हूं
कभी कट्टर मोदी समर्थक हूं
कभी कट्टर योगी समर्थक हूं
क्या करूं मैं बेरोजगार हूं।
कभी कट्टर हिंदूवादी हूं
कभी अयोध्या राम मंदिर चाहता हूं
कभी काशी विश्वनाथ मंदिर चाहता हूं
कभी मथुरा श्रीकृष्ण मंदिर चाहता हूं
कभी आगरा तेजो महादेव चाहता हूं
क्या करूं मैं बेरोजगार हूं।
कभी कट्टर हिंदूवादी हूं
कभी सरकारी नौकरी की तैयारी करता हूं
कभी परीक्षा होने का इंतजार करता हूं
कभी परिणाम के लिए आंदोलन करता हूं
कभी सड़कों पर दौड़ा-दौड़ा कर मारा जाता हूं
क्या करूं मैं बेरोजगार हूं।
कभी कट्टर हिंदूवादी हूं
कभी अपने अधिकारों के लिए लड़ता हूं
कभी अपने हक की मांग मैं करता हूं
कभी शासन प्रशासन से सवाल करता हूं
इसलिए आजकल मैं अपने देश में देशद्रोही कह लाता हूं।
क्या करूं मैं बेरोजगार हूं।

– दीप मदिरा


Related Posts

बहू आएगी तो ये खुद ब खुद सुधर जाएगा

April 4, 2023

बहू आएगी तो ये खुद ब खुद सुधर जाएगा हम तो हार गए इसको सुधारते सुधारते चलो ब्याह देते बेटे

समाज के ताने बाने से खिलवाड़ करती ‘हेट स्पीच’

April 3, 2023

समाज के ताने बाने से खिलवाड़ करती ‘हेट स्पीच’ साम्प्रदायिक एजेंट अक्सर चुनावी लाभ के लिए धर्म के नाम पर

जान के दुश्मन बनते आवारा कुत्ते

April 3, 2023

जान के दुश्मन बनते आवारा कुत्ते भारत के मीडिया में लगातार ‘आवारा कुत्तों का खतरा’ सुर्खियों में रहता है। पिछले

पुरस्कारों का बढ़ता बाजार

April 3, 2023

पुरस्कारों का बढ़ता बाजार पुरस्कारों के बढ़ते बाजार के में देने और लेने वाले दोनों की भूमिका है। देने वाले

नारीवाद, भारतीय महिला और पवित्रता

April 3, 2023

नारीवाद, भारतीय महिला और पवित्रता मूल तौर पर, भारतीय महिलाएं, यहां तक कि महिलाओं के अधिकारों और समानता की समर्थक

सत्यनिष्ठा का भाव | satyanishtha ka bhav

April 3, 2023

सत्यनिष्ठा का भाव भारत की संस्कृति व मिट्टी में ही है सत्यनिष्ठा का भाव तभी तो सत्यनिष्ठा से आत्मनिर्भरता अभियान

PreviousNext

Leave a Comment