Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

poem, Veena_advani

तेरे आते ही जी उठे

तेरे आते ही जी उठे मेरे मुस्कुराने की वज़ह सिर्फ तुम मेरी जिंदगानीउड़ना चाहूं पवन, तेरे संग बहे, इश्क की …


तेरे आते ही जी उठे

मेरे मुस्कुराने की वज़ह सिर्फ तुम मेरी जिंदगानी
उड़ना चाहूं पवन, तेरे संग बहे, इश्क की रवानी।।

महसूस करती सुनो तुमको सनम, जब कभी मैं
तेरी बांहों कि कसक लगे मुझे, कितनी सुहानी।।

जानती हूं मैं, ये दूरियां हमारे बीच की, मिलों की है
करीब पाती फिर भी मैं तुझे, यही तो मेरी नादानी।।

तेरी तस्वीर को हम, अपने सीने से लगाते अक्सर
तेरी तस्वीर से रोज़ बतियाके सोते, यही मेरी कहानी।।

उम्र के इस पड़ाव तक आते-आते थक गयी थी वीना
तेरे आते जी उठी मेरी जिंदगी, लगे आई, फिर जवानी।।

About author

Veena advani
वीना आडवाणी तन्वी
नागपुर , महाराष्ट्र

Related Posts

खाया पिया कुछ नहीं ग्लास तोड़ा बारह आना-जयश्री बिर्मी

November 22, 2021

 खाया पिया कुछ नहीं ग्लास तोड़ा बारह आना किसान कानून की वापसी कही गढ़ आला पन सिंह गेला न बन

किस्से मोहब्बत के-तेज देवांगन

November 22, 2021

 किस्से मोहब्बत के किस्से मोहब्बत के किसको सुनाएं, सब यहां कहानीकार बने है। लिख दूं गजल मैं, गर किताबों पे,

हाय रे गंतव्य जीवन – डॉ हरे कृष्ण मिश्र

November 22, 2021

 हाय रे गंतव्य जीवन चली अचानक गई यहां से, जिसका कोई विश्वास नहीं, अंधकार में टटोल रहा हो , जैसे

लॉक लगा के रखना-अंकुर सिंह

November 22, 2021

 लॉक लगा के रखना चलो अब हम चलते है। ख्याल अपना रख लेना। किए मुझसे वादे पूरे कर मेरे यादों

मेरी काव्य धारा-डॉ हरे कृष्ण मिश्र

November 22, 2021

 मेरी काव्य धारा मेरी काव्य धारा में, डूबा प्रेम तुम्हारा है , रचना भी तुम्हारी है, प्रणय भी तुम्हारा है 

दूसरा विकल्प ज्यादा पसंदीदा है-जितेंद्र कबीर

November 22, 2021

 दूसरा विकल्प ज्यादा पसंदीदा है सोशल  मीडिया के दुनिया में आगमन के बाद  आ गई है हम सबके हाथ एक

Leave a Comment