Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

kishan bhavnani, lekh

जीवेम शरदः शतम् – विश्व स्वास्थ्य दिवस 7 अप्रैल 2022 पर विशेष

 जीवेम शरदः शतम् –  विश्व स्वास्थ्य दिवस 7 अप्रैल 2022 पर विशेष  वैश्विक स्तरपर भारत का योग, आयुर्वेद, स्वास्थ्य क्षेत्रों …


 जीवेम शरदः शतम् –  विश्व स्वास्थ्य दिवस 7 अप्रैल 2022 पर विशेष 

जीवेम शरदः शतम् -  विश्व स्वास्थ्य दिवस 7 अप्रैल 2022 पर विशेष

वैश्विक स्तरपर भारत का योग, आयुर्वेद, स्वास्थ्य क्षेत्रों में बढ़ता रुझान रेखांकित करना ज़रूरी 

स्वास्थ्य का सीधा संबंध स्वच्छता, पोषण, टीकाकरण, योगा से जुड़ा है इसका पालन अभी मनीषियों द्वारा करके कर्तव्य निभाने का परिचय दें – एड किशन भावनानी

गोंदिया – वैश्विक स्तरपर विश्व स्वास्थ्य दिवस 7 अप्रैल 2022 को विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के सदस्य 193 देशों तथा दो संबंद्ध देश हैं, द्वारा स्वास्थ्य दिवस को 2022 की थीम, हमारा ग्रह हमारा स्वास्थ्य के साथ मनाया जा रहा है 

साथियों बात अगर हम इस वर्ष स्वास्थ्य दिवस मनाने की करें तो, प्रत्येक वर्ष इस तिथि के लिए एक विषय चुना जाता है जो डब्ल्यूएचओ के लिए प्राथमिकता वाले क्षेत्र पर प्रकाश डालता है। वर्तमान महामारी, एक प्रदूषित ग्रह और बीमारियों की बढ़ती घटनाओं को देखते हुए, विश्व स्वास्थ्य दिवस 2022 का विषय हमारा ग्रह, हमारा स्वास्थ्य है । पीएएचओ, डब्ल्यूएचओ और भागीदारों का यह आह्वान, कोविड-19 महामारी से हरित और स्वस्थ पुनर्प्राप्ति के लिए एक अनूठा अवसर प्रस्तुत करता है, जो व्यक्तियों और ग्रह के स्वास्थ्य को कार्यों के केंद्र में रखता है और समाज को केंद्रित करने के लिए एक आंदोलन को बढ़ावा देता है।हालाँकि, हमारे ग्रह, हमारा स्वास्थ्य का यह विषय हमें एक शक्तिशाली अनुस्मारक होना चाहिए कि इनमें से कई मुद्दों का समाधान स्वास्थ्य क्षेत्र के अनन्य दायरे से बाहर है और इसके परिणामस्वरूप, एक प्रभावी प्रतिक्रिया के लिए पूरी सरकार की आवश्यकता होगी,और पूरे समाज का दृष्टिकोण। 

साथियों बात अगर हम स्वास्थ्य क्षेत्र से जुड़े कारकों की करें तो, वायु प्रदूषण, दूषित पानी, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन सहित अपर्याप्त स्वच्छता, कुछ खतरनाक रसायनों से संबंधित जोखिम, और जलवायु परिवर्तन के नकारात्मक प्रभाव, इस क्षेत्र में सबसे अधिक पर्यावरणीय सार्वजनिक स्वास्थ्य खतरे हैं। सार्वजनिक स्वास्थ्य के लिए ये खतरे कमजोर शासन प्रथाओं और स्वास्थ्य में संभावित असमानताओं के साथ-साथ स्वास्थ्य क्षेत्र में सीमित नेतृत्व, विशेषज्ञता और संसाधनों द्वारा जटिल हैं। हाल के दशकों में, स्वास्थ्य सेवाओं में वृद्धि, पर्यावरण संरक्षण, आर्थिक विकास और अन्य कारकों ने अमेरिका के पूरे क्षेत्र में लोगों के स्वास्थ्य में सुधार किया है। फिर भी, प्रति वर्ष अनुमानित दस लाख अकाल मृत्यु ज्ञात परिहार्य पर्यावरणीय जोखिमों के कारण हैं।

साथियों बात अगर हम स्वास्थ्य दिवस मनाने के उद्देश्यों की करें तो, दुनियाभर में पोलियो, टीबी, एड्स, कुष्ठ रोग, उच्च रक्तचाप, नेत्रहीनता, दिल की बीमारी, मलेरिया और आज के कोरोना वायरस आदि जैसी भयंकर बिमारियों की रोकथाम करना तथा इनके इलाज की समुचित व्यवस्था करना और इनके बारे जन-जागरूकता फैलाना तथा  स्वास्थ्य, इससे जुड़े कारकों की हानियों से बचाने के लिए आम जनता में एक जागरूकता, सजगता उत्पन्न करना हैं ताकि नागरिक बुरे स्वास्थ्य से प्रभावित होने से बचने वाले कारकों के मानकों का पालन कर अपने कर्तव्यों को निभाने का परिचय दे सकें। इसके अलावा विभिन्न कारणों से स्वास्थ्य पर पड़ रहे नकारात्मक प्रभाव से बचने के लिए लोगों को जागरूक करना है। स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से हरित उपायों को प्रोत्साहित करने जनजागरुकता अभियान चलाया जा रहा हैं।

विश्व स्वास्थ्य दिवस के मौके पर आयोजित कार्यक्रमों के तहत प्रमुख रूप से सिंगल यूज प्लास्टिक का उपयोग रोकने, कपड़े से निर्मित बैगों का उपयोग करने, जल संरक्षण, प्रदूषण की रोकथाम के लिए अधिक से अधिक पौधरोपण करने, स्वस्थ रहने के लिए शारीरिक गतिविधियां बढ़ाने, मौसमी फलों, सब्जियों व खाद्य पदार्थों का अधिक उपयोग करने, स्वच्छ व सुरक्षित जल का उपयोग बढ़ाने के लिए जनजागरुकता अभियान चलाया जा रहा हैं। 

साथियों बात अगर हम माननीय पीएम द्वारा दिनांक 27 मार्च 2022 को मन की बात की 87 वीं कड़ी में विश्व स्वास्थ्य दिवस के उल्लेख की करें तो उन्होंने कह, जीवेम शरदःशतम्। हमारी संस्कृति में सबको सौ-वर्ष के स्वस्थ जीवन की शुभकामनाएँ दी जाती हैं। हम 7 अप्रैल को विश्व स्वास्थ्य दिवस मनाएंगे। आज पूरे विश्व में स्वास्थ्य को लेकर भारतीय चिंतन चाहे वो योग हो या आयुर्वेद इसके प्रति रुझान बढ़ता जा रहा है। अभी आपने देखा होगा कि पिछले ही सप्ताह कतर में एक योग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें 114 देशों के नागरिकों ने हिस्सा लेकर एक नया विश्व रिकॉर्ड बना दिया। इसी तरह से आयुर्वेद उद्योग  का बाजार भी लगातार बड़ा हो रहा है। 6 साल पहले आयुर्वेद से जुड़ी दवाइयों का बाजार 22 हजार करोड़ रुपए के आसपास का था। आज आयुष मैन्युफैक्चरिंग इंडस्ट्री  एक लाख चालीस हजार करोड़ रुपए के आसपास पहुँच रही है, यानि इस क्षेत्र में संभावनाएँ लगातार बढ़ रही हैं। स्टार्टअप वर्ल्ड  में भी, आयुष, आकर्षण का विषय बनता जा रहा है। 

साथियों बात अगर हम केंद्रीय आयुष मंत्रालय द्वारा आयोजित 7 अप्रैल 2022 को एक कार्यक्रम की करें तो, पीआईबी के अनुसार आयुष मंत्रालय सुबह 6.30 बजे से सुबह 8 बजे तक 15 अगस्त पार्क, लाल किला, दिल्ली में सामान्य योग शिष्टाचार के प्रदर्शन के लिए एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन कर रहा है। 7 अप्रैल को विश्व स्वास्थ्य दिवस है और अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस (आईडीवाई) की उलटी गिनती का 75वां दिन भी है।मंत्रालय ने अपने विभिन्न हितधारकों के साथ 8वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के लिए 100 दिनों का उलटी गिनती कार्यक्रम तैयार किया है, जिसमें 100 संगठन 100 स्थानों/शहरों में योग को बढ़ावा दे रहे हैं।

साथियों बात अगर हम विश्व स्वास्थ्य दिवस के इतिहास की करें तो, वर्ष 1950 से ही प्रतिवर्ष 7 अप्रैल को विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के स्थापना दिवस को विश्व स्वास्थ्य दिवस के रूप में मनाया जाता है। इस साल 2022 में 07 अप्रैल को  72 वां हेल्थ डे और डब्लूएचओ का 74वां फाउंडेशन डे मनाया जा रहा है। विश्व स्वास्थ्य दिवस मनाए जाने की संकल्पना सर्वप्रथम वर्ष 1948 में पहली स्वास्थ्य सभा में की गई थी और इसे वर्ष 1950 से मनाना शुरू किया गया था। आज देश और दुनियाभर में कोरोनावायरस महामारी के चलते आपको अपने स्वास्थ्य का ख्याल रखने की ख़ास आवश्यकता है। 

अतः अगर हम उपरोक्त पूरे विवरण का अध्ययन कर उसका विश्लेषण करें तो हम पाएंगे कि जीवेम शरदःशतम विश्व स्वास्थ्य दिवस 7 अप्रैल 2022 पर विशेष, वैश्विक स्तर पर भारत का योग, आयुर्वेद, स्वास्थ्य क्षेत्रों में बढ़ता रुझान रेखांकित करना जरूरी है, तथा स्वास्थ्य का सीधा संबंध स्वच्छता, पोषण, टीकाकरण, योगा से जुड़ा है इसका पालन सभी मनीषियों द्वारा करके कर्तव्य निभाने का परिचय दें।

-संकलनकर्ता लेखक – कर विशेषज्ञ स्तंभकार एडवोकेट किशन सनमुखदास भावनानी गोंदिया महाराष्ट्र


Related Posts

व्यंग्य -बारहवीं के बाद का बवाल |

May 28, 2023

व्यंग्य -बारहवीं के बाद का बवाल बारहवीं का रिजल्ट आते ही बच्चों और उनके मां-बाप का बीपी बढ़ने लगता है।

नया संसद भवन लोकतंत्र का मंदिर |

May 28, 2023

भावनानी के भाव नया संसद भवन लोकतंत्र का मंदिर ग्रामसभा विधानसभा सांसद लोकतंत्र के मंदिर हैं इस मंदिर में श्रद्धा

भ्रष्टाचार बनाम अधिक मूल्यवर्ग करेंसी नोट |

May 28, 2023

 भ्रष्टाचार बनाम अधिक मूल्यवर्ग करेंसी नोट  अर्थव्यवस्था को मज़बूत करने डिजिटल पेमेंट का दायरा बढ़ाना ज़रूरी  डिजिटल युग में 500

हर नगरी के बैंकों में गुलाबी भुनाना शुरू|

May 28, 2023

हर नगरी के बैंकों में गुलाबी भुनाना शुरू सुनिए जी ! काली कमाई को गुलाबी करने के दिन लद्द गए

सेक्स करने के बाद ब्लीडिंग क्यों होती है?|

May 28, 2023

सेक्स करने के बाद ब्लीडिंग क्यों होती है? कूछ महिलाओं को सेक्स करने के बाद ब्लीडिंग की समस्या होती है।

भारत अब अनुसरण नहीं नेतृत्व करने की ओर बढ़ा |

May 27, 2023

भारत अब अनुसरण नहीं नेतृत्व करने की ओर बढ़ा भारत अब अनुसरण नहीं नेतृत्व करने की ओर बढ़ा आओ जनसंख्यकिय

PreviousNext

Leave a Comment