Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

poem, Tamanna_Matlani

जिंदगी का मैदान – तमन्ना मतलानी

 जिंदगी का मैदान… तमन्ना मतलानी (महाराष्ट्र) जिंदगी एक ऐसा है मैदान,जनम लेकर यहां मिलता है नाम,उसी नाम से बनती है …


 जिंदगी का मैदान…

तमन्ना मतलानी गोंदिया(महाराष्ट्र)
तमन्ना मतलानी (महाराष्ट्र)

जिंदगी एक ऐसा है मैदान,
जनम लेकर यहां मिलता है नाम,
उसी नाम से बनती है सबकी पहचान।

जीवन में आगे बढ़ते हुए ,
जिंदगी को खुलकर जीते हुए,
एक-एक कर सबसे परिचित हुए।

कभी हुआ सामना यहाँ हर्ष से,
कभी किया सामना यहाँ संघर्ष से,
कभी पहुंचे अर्श तक यहाँ हम फर्श से।

खूबसूरती से जीवन जीने की कला,
आती है ये सबको कहां भला,
हर कोई बस अपने में ही रमता चला।

देखे हैं तमन्ना ने रंग-बिरंगी इस दुनियाँ में,
ठुकराकर दूर किया है जहाँ कई अपनों ने,
लेकिन सच में यहाँ अपनाया भी है बहुतों ने।

हर हाल में जीवन तो जीना ही पड़ेगा,
सुन ले,कायर नहीं तू जो गिर पड़ेगा,
सफल होकर मंजिल तू फिर से चढ़ेगा।

रे मानव!अपनी राह पर तू चला चल,
नहीं किसी को खबर क्या होना है कल,
जीवन जी ले कीमती है जिंदगी का हर पल।।

तमन्ना मतलानी
गोंदिया(महाराष्ट्र)
Email—-tamannamatlani@gmail.com


Related Posts

राजनीति होनी चाहिए- जितेन्द्र ‘कबीर’

December 10, 2021

 राजनीति होनी चाहिए राजनीति होनी चाहिए लोगों के बीच आपसी भाईचारा,प्रेम एवं सौहार्द बढ़ाने के लिए,मगर अफसोसराजनीति होती हैउनके बीच

झंडा दिवस- सुधीर श्रीवास्तव

December 10, 2021

झंडा दिवस आज सशस्त्र सेना झंडा दिवस है सात दिसंबर उन्नीस सौ उनचास कोये मनाया गया था पहली बारतब से

गीत हमारे- डॉ हरे कृष्ण मिश्र

December 10, 2021

गीत हमारे कुछ गीत ऐसे दर्द भरे,गाकर सुना सकता नहीं, पहले मेरे अश्क बहते,दर्द छुपा पाता नहीं ।। दृश्य ऐसे

आधे अधूरे अरमान- जयश्री बिरमी

December 10, 2021

आधे अधूरे अरमान अरमानों की चाह में दौड़ी हुं बहुत इश्क की भी तो थी चाहत गहरी चाहतों में घीरी

रघुवीर सहाय पर कविता- सुधीर श्रीवास्तव

December 10, 2021

 जन्मदिन विशेषरघुवीर सहाय नौ दिसंबर उन्नीस सौ उनतीस लखनऊ में जन्में थे रघुवीर सहाय, उन्नीस सौ इक्यावन में लखनऊ विश्वविद्यालय से

शान_ए–वतन- जयश्री बिरमी

December 9, 2021

सादर समर्पित उन्हे जो चले गए शान_ए–वतन ऐसा नहीं कि तुम लौट कर ना आओ तुम बिन तो हमारी सीमाएं

Leave a Comment