Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

Bhawna_thaker, lekh

खुद को अपडेट करते हुए आगे बढ़ो

 “खुद को अपडेट करते हुए आगे बढ़ो” उपर वाले ने हर इंसान को एक सा बनाया होता है। जब हम …


 “खुद को अपडेट करते हुए आगे बढ़ो”

उपर वाले ने हर इंसान को एक सा बनाया होता है। जब हम जन्म लेते है तब सभी का दिमाग कोरे कागज़ सा, खाली घड़े सा होता है। आहिस्ता-आहिस्ता विकसित होते शरीर के भीतर कई बदलाव आते है। दिमाग हर चीज़ को बड़ी उत्सुकता के साथ बड़ी तेजी के साथ हर चीज़ सीखने लगता है। हर इंसान अपने आप में कोई न कोई हुनर रखता है। हमारा दिमाग सुपर पावर है, हम उसका उपयोग महज़ दस प्रतिशत ही करते है। हमारा शरीर भी उर्जा का स्त्रोत है, सही ढंग से तन-मन का उपयोग आपको एक बेनमून शख़्सियत बनाएगा।

हौसला और लगन इंधन है, गर ठान ले तो कोई काम मुश्किल नहीं। 

“कोई इंसान अकेला नहीं सबके भीतर पूरा ब्रह्मांड बसता है” कल्पना शक्ति को विकसित करके ख़यालो को आज़ाद उडने दो। हिम्मत को हथियार बनाओ हिम्मत की बारिश सहरा में भी फूल उगाने का काम करती है। 

ज़िंदगी को स्वर्ग बनाना भी अपने हाथों में है और जहन्नुम बनाना भी अपने हाथों में है। हर सुबह एक नई आशा लेकर उगती है। वक्त को गुरु समझिए, वक्त एक बार चला जाता है तो वापस मूड़कर नहीं आता। एक-एक पल की अहमियत को समझिए और अपनी तमाम शक्ति ज़िंदगी की हर खुशियों को पाने में लगा दीजिए, नामुमकिन कुछ भी नहीं। असंख्य रास्ते खुले हुए है, लक्ष्य तय करते आगे बढ़ेंगे तो मंज़िल करीब नज़र आएगी। “वृक्ष की भाँति एक जगह खड़े मत रहिए बादल बनकर आगे बढ़िए क्यूँकि आप सिर्फ़ एक बूँद नहीं हो सराबोर सागर हो”। कतरा भर खुशी मिलने पर खुश मत हो जाओ, पूरा ब्रह्मांड पाने के लिए स्वयं के मिथक को उजागर करो। आगे बढ़ने की, मंज़िल को पाने की और लक्ष्य तक पहुँचने की ललक को जुनून का तेल से सिंचकर तरोताज़ा रखो। क्यूँकि कोशिश करने वालों की कभी हार नहीं होती। 

“ईश्वर एक दशक सबको देता है” अगर उस वक्त आप कुछ हासिल नहीं कर पाए तो ज़िंदगी नैराश्य में ही गुज़रेगी। वक्त के साथ चलो, परिवर्तन का स्वीकार करते मोबाइल की तरह खुद को अपडेट करते रहो। यकीन मानिये हौसला हो तो हालात जरूर बदलते है। ज़िंदगी ढ़ोने केलिए नहीं जश्न सी जीने के लिए होती है, इसलिए ज़िंदगी के रंगमंच पर अपने किरदार को ऐसे पेश करो की आने वाली अनेक पीढ़ी के आप प्रेरणास्रोत बनकर उभर सको।

About author

bhawna thaker
भावना ठाकर ‘भावु’ बेंगलोर


Related Posts

लड़कियों को आइटम नहीं ज़िम्मेदारी समझो

May 17, 2022

“लड़कियों को आइटम नहीं ज़िम्मेदारी समझो” श्रुति का जाॅब इंटरव्यू था मुंबई की एक मल्टीनेशनल कंपनी में तो अपने पापा

विश्व हाइपर टेंशन दिवस को क्यूँ न जश्न दिन के तौर पर मनाएं

May 17, 2022

“विश्व हाइपर टेंशन दिवस को क्यूँ न जश्न दिन के तौर पर मनाएं” “क्यूँ इतना सोचता है हर बात पर

वक्त कभी किसी का सगा नहीं!!

May 17, 2022

वक्त कभी किसी का सगा नहीं! वक्त का पहिया कैसे करवट बदल लेता है – हम खुद अपने पुराने और

अंतर्राष्ट्रीय संग्रहालय दिवस 18 मई 2022 पर विशेष

May 17, 2022

अंतर्राष्ट्रीय संग्रहालय दिवस 18 मई 2022 पर विशेष संग्रहालय की शक्ति – सांस्कृतिक आदान-प्रदान, संस्कृतियों के संवर्धन, आपसी समझ सहयोग

अगर जीतना स्वयं को, बन सौरभ तू बुद्ध

May 15, 2022

 अगर जीतना स्वयं को, बन सौरभ तू बुद्ध !! (बुद्ध का अभ्यास कहता है चरम तरीकों से बचें और तर्कसंगतता

ताजमहल या तेजोमहल

May 14, 2022

 “ताजमहल या तेजोमहल” इतने सालों बाद इस विवाद को जन्म देने का कारण समझ में नहीं आ रहा। ये कोई

Leave a Comment