Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

कविता-मां ही जन्नत

कविता-मां ही जन्नत न मैं मंदिर पुजू न मस्जिद और न ही गुरूद्वारा,मां के चरणों में ही समाई है देखो …


कविता-मां ही जन्नत

कुमारी गुड़िया गौतम

न मैं मंदिर पुजू न मस्जिद और न ही गुरूद्वारा,
मां के चरणों में ही समाई है देखो ये संसार सारा।

मां का गर मिल जाए आशीष तो मैं तीनों लोक दे दूं वार,
मां से ही है मेरा ये जीवन और संसार मां के चरणों में हरिद्वार।
न पढा हनुमान चालीसा और न ही गीता बाईबल कुरान,
फिर भी मिल जाती है मेरी रूह को एक अलग सी सुकून।
मां की ममता में ही सदा नजर आए मुझे ईश्वर की सूरत,
फिर क्यों पुजू मैं किसी मंदिर मस्जिद गुरुद्वारा की मूरत।
मां के बिना अधूरे हैं स्वयं जगत के भी पालनहारी,
लिए हर बार अवतार और बनें मां नाम के पुजारी।
मां के चरणों में पुरी हो जाती है मेरी सारी मन्नत,
नहीं जाना मुझे किसी मंदिर मस्जिद और जन्नत।
ये सब तो है मेरी मां के सामने धूल बराबर,
मां की ममता ही है मेरे जीवन का आधार।
न जानूं ईश्वर न जानूं अल्लाह मैं तो हूं एक अज्ञानी,
मां ही है इस दुनिया में सबसे बड़ी ज्ञानी।।

स्वरचित अप्रकाशित मौलिक
कुमारी गुड़िया गौतम (जलगांव) महाराष्ट्र

Related Posts

लेखिका वीना कह बुलाए दुनिया

May 14, 2023

लेखिका वीना कह बुलाए दुनिया कलम प्रखरव नहीं थी मेरी इसे प्रखरव बनाया है।।हर गहरा ज़ख़्म मेरा शब्दों में ज़हर

मातृदिवस विनयांजलि-मॉं मेरा जीवन आधार

May 11, 2023

मातृदिवस विनयांजलि-मॉं मेरा जीवन आधार मातृदिवस विनयांजलि तेरा नाम जुबां पे आते ही मेरे दर्द सभी थम जाते हैं ,माँ

हे मेरे ईश्वर अल्लाह, परवरदिगार मेरे मालिक

May 11, 2023

हे मेरे ईश्वर अल्लाह, परवरदिगार मेरे मालिक मैंने कहा गुनहगार हूं मैं उसने कहा बक्ष दूंगा मैंने कहा परेशान हूं

मेरे अपने ……. (Mere apne)

May 7, 2023

मेरे अपने ……. रिश्ते बंधे होते हैं, कच्चे धागे की डोर सेहमने तो संभाला बहुत, अपने रिश्तों कोपर रिश्तों की

एक कोशिश , जरिया बनने की

May 4, 2023

एक कोशिश , जरिया बनने की ज़हर जो उगले मेरी कलम छील के ये रख देती हैक्रोध कि ज्वाला धधक

कविता – अंधेरे की आवाज़ | Andhere ki awaz

April 26, 2023

अंधेरे की आवाज़  तालाब शांति में समुद्रीय हलचलविश्व का दूरस्थ प्रतिमान,जो नहीं खोज पाया खोज ही नहीं पायाकविता और कहानियों

PreviousNext

Leave a Comment