Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

Dr_Madhvi_Borse, poem

कर्म से लिखे आत्मकथा!

कर्म से लिखे आत्मकथा! माध्वी बोरसे! लिखें हमारे जीवन की कहानी,साहस,दृढ़ता हो इसकी निशानी,कलम से नहीं कर्म से लिखें,हमारा जीवनी …


कर्म से लिखे आत्मकथा!

माध्वी बोरसे!
माध्वी बोरसे!

लिखें हमारे जीवन की कहानी,
साहस,दृढ़ता हो इसकी निशानी,
कलम से नहीं कर्म से लिखें,
हमारा जीवनी भी प्रेरणादायक दिखे!

इस जीवन के खेल में बने हम खिलाड़ी,
चढ़े हर बड़ी से बड़ी आपत्ती की पहाड़ी,
इंसानियत हो इसकी स्याही,
करें हम ऐसी इसकी चित्रकारी!

माना कि सब हमारे हिसाब से नही,
मजबूती से हर प्रतिक्रिया करे सही,
किसी के अपशब्द और संस्कारों को ना अपनाएं,
अपने जीवन को अपने उच्च विचारों से बनाएं!

जब भी कोई पड़े हमारे जीवन की गाथा,
वीरता और परिश्रम से भरी हो हमारी दास्तां,
हर किस्सा हो हिम्मत से भरपूर,
इस व्याख्या में हो आत्मविश्वास का सुरूर!

स्वाभिमान से भरा हो हर एक फसाना,
याद रखें इसे भी जमाना,
हम भी हैं इस जीवन के रचयिता,
स्वाभिमान की राह पर चलकर, बनजाए विजेता!

लिखें हमारे जीवन की कहानी,
साहस,दृढ़ता हो इसकी निशानी,
कलम से नहीं कर्म से लिखें,
हमारा जीवनी भी प्रेरणादायक दिखे!

कवियत्री माध्वी बोरसे!
(स्वरचित व मौलिक रचना)

राजस्थान (रावतभाटा)


Related Posts

Thor Kavita by R.S. meena

July 19, 2021

ठोर बेटियों पर अत्याचार, चारों तरफ हैं फैलें ठोर । जाहिलों को विद्वान, तो विद्वानों को समझे ठोर ।। रक्षा

Murdo ki basti by R.S. meena

July 19, 2021

मुर्दों की बस्ती जुल्म करना तो यहाँ ,हैवानों की मस्ती हैं । मिटा दे खानदान को, वो बड़ी हस्ती हैं

Barish by satish samyak

July 19, 2021

बारिश हे बारिश  बार बार मत आया कर । जब जब  तुम आती हो  तब बंद हो जाता है  धयाड़ी

Khwabo ka jahan by Jitendra kabir

July 19, 2021

 ख्वाबों का जहां इस जहां से परे न जाने कितने जहां बसते हैं, हर शख्स यहां अपने ख्वाबों का जहां

Corona /vigyan by R.S. meena

July 19, 2021

कोरोना/विज्ञान जो कुछ भी हो,इक दिन कोरोना चला जायेगा । हम सबको इंसानियत का सबक सिखा जायेगा ।। ना आये

Laghukatha Bado ki dant bhi ashirvad by kishan bhavnani gondiya

July 19, 2021

लघुकथाबड़ो की डांट भी आशीर्वाद रोज की दिनचर्या की मुताबिक़ दादाजी बेसब्री से अखबार वाले का इंतजार कर रहे थे।उन्हें

Leave a Comment