Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

mainuddin_Kohri, poem

कदम-मईनुदीन कोहरी “नाचीज बीकानेरी

कदम कदम बढाओ खुशियाँ लाओबढाओ कदमनाम कमाओ ।मजदूर का कदममेहनत का कदमपसीने की कमाईकमाओ हर कदम ।।नेताओं के कदमगर सम्भले …


कदम

कदम-मईनुदीन कोहरी "नाचीज बीकानेरी

कदम बढाओ
खुशियाँ लाओ
बढाओ कदम
नाम कमाओ ।
मजदूर का कदम
मेहनत का कदम
पसीने की कमाई
कमाओ हर कदम ।।
नेताओं के कदम
गर सम्भले कदम
जनता खुश रहे
न डगमगाए कदम ।
जवानों के कदम
सीमा पे बढ़े कदम
डगमगाए न कभी
कामयाब हो कदम ।
किसानों के कदम
खेतों को बढ़े कदम
धान से भरे गोदाम
गौरव बढ़ाए कदम ।
जन-जन का कदम
बढ़ता रहे यूँ कदम
देश की प्रगति हो
सोच के रखो कदम ।

मईनुदीन कोहरी “नाचीज बीकानेरी”
मो-9680868028


Related Posts

sushasan ko akhiri chhor tak le jana hai by kisan bhavnani

November 7, 2021

 कवितासुशासन को आखिरी छोर तक ले जाना हैं  सरकारों को ऐसी नीतियां बनाना हैं  सुशासन को आखरी छोर तक ले

Ab ki baar aise ho diwali by Mainudeen Kohri

November 7, 2021

 अब की बार ऐसी हो दिवाली अबकी बार मनाओ ऐसी दिवाली  । गाँव – शहर में हो जाए खुशहाली ।

parkota by mainudeen kohri

November 7, 2021

 परकोटा मैं परकोटा हूँ न जाने कब से खड़ा हूँ मेरा इतिहास बड़ा है मैं कई युद्धों व् योद्धाओं का

यादें – जयश्री बिरमी

November 7, 2021

 यादें दिवाली तो वो भी थी जब ऑनलाइन शुभेच्छाएं दी थी हमने और एक ये भी हैं जब रूबरू हैं

जीवनपथ – भारती चौधरी

November 7, 2021

 जीवनपथ उठा तर्जनी परप्राणी पर छिपा निज दुर्गुण किस पंथ रखा तनिक विचार किया स्वयं पर निज दायित्व किस स्कंध

बादल – चन्दा नीता रावत

November 7, 2021

 ।।   बादल  ।। !! बादल तेरी   अनोखी कहानी  कभी चंचल कभी मनमानी कभी सतरंगी रूप निराली  नयन सुख मिल जानी

Leave a Comment