Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

Gurudeen Verma, poem

इसलिए तुमसे मिलता हूँ मैं बार बार | isliye tumse milta hu mai bar bar

 इसलिए तुमसे मिलता हूँ मैं बार बार इसलिए तुमसे मिलता हूँ , मैं बार बार। मैं मनाता हूँ तुमको, इसलिए …


 इसलिए तुमसे मिलता हूँ मैं बार बार

इसलिए तुमसे मिलता हूँ , मैं बार बार।
मैं मनाता हूँ तुमको, इसलिए बार बार।।
इसलिए तुमसे मिलता हूँ—————–।।
मुझसे बेशक रहे तू , हमेशा मेरे दिलबर।
करें यकीन मेरी मोहब्बत पे, मेरे दिलबर।।
झुकाता हूँ तेरी दर पर, मैं सिर बार बार।
मैं मनाता हूँ तुमको, इसलिए बार बार।।
इसलिए तुमसे मिलता हूँ——————-।।
दुश्मन तेरा होता , लहू क्यों अपना बहाता।
क्यों तुमको मनाता,क्यों ऑंसू अपने बहाता।।
तुमसे वफ़ा हूँ , कहता हूँ तुमको बार बार।
मैं मनाता हूँ तुमको, इसलिए बार बार।।
इसलिए तुमसे मिलता हूँ——————-।।
अपनों से तोड़े रिश्तें , किसलिए मेरी जान।
तेरा साथ दिया हमेशा, किसलिए मेरी जान।।
सुनाने को यह सच मैं, आता हूँ बार बार।
मैं मनाता हूँ तुमको, इसलिए बार बार।।
इसलिए तुमसे मिलता हूँ———————।।

About author 

Gurudeen verma
शिक्षक एवं साहित्यकार-

गुरुदीन वर्मा उर्फ जी.आज़ाद
तहसील एवं जिला- बारां(राजस्थान)


Related Posts

नया बदलाव लाए!

April 27, 2022

 नया बदलाव लाए! सिर्फ शोर ना मचाए, चलो नया बदलाव लाए, इस बेशकीमती जीवन में, कुछ कमाल करके दिखाएं! बदलाव

क्रोध, कायरता की निशानी!

April 27, 2022

क्रोध, कायरता की निशानी! क्रोध एक श्राप है,इसमें पतन का वास है,क्रोध पर हो पूर्ण रूप से वश,शीतलता और प्रेम

हमारी आत्मकथा!

April 27, 2022

हमारी आत्मकथा! लिखें हमारे जीवन की कहानी,साहस,दृढ़ता हो इसकी निशानी,कलम से नहीं कर्म से लिखें,हमारा जीवनी भी प्रेरणादायक दिखे! इस

स्वाभिमान!

April 27, 2022

स्वाभिमान! सम्मान मांगो ना, कमाओ,पैसे मांगो ना, कमाओ,और कमाना कैसे हैं, इस गौरवशाली जीवन में,सीखो और सिखाओ! खुद के हक

पर्यावरण का संरक्षण!

April 27, 2022

पर्यावरण का संरक्षण! अद्भुत सी सुंदरता है पर्यावरण में,चलो हम भी लाए, कुछ जिम्मेदारियां हमारे आचरण में,क्यों फैला रखा है

हुनर को पहचाने!

April 27, 2022

हुनर को पहचाने! हुनर को पहचानिए,अपनी कला को जानिए,मछली की योग्यता है तैरना,उसे उड़ने के लिए ना मनाइए! कौशल का

PreviousNext

Leave a Comment