Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel
हर दिन डायरी में कलम से लिखें अपना लक्ष्य

lekh, Nandkishor shah

हर दिन डायरी में कलम से लिखें अपना लक्ष्य

हर दिन डायरी में कलम से लिखें अपना लक्ष्य सबसे पहले अपने जिंदगी के लक्ष्य को निर्धारित करें। अपने प्रत्येक …


हर दिन डायरी में कलम से लिखें अपना लक्ष्य

सबसे पहले अपने जिंदगी के लक्ष्य को निर्धारित करें। अपने प्रत्येक घंटे, दिन, सप्ताह, महीने व साल के लिए भी लक्ष्य निर्धारित करें। हर दिन लक्ष्य तक पहुँचने के बेहतर तरीके सोचते रहें और हर दिन लक्ष्य तक पहुँचाने वाले काम करते रहें। प्रबल इच्छा हो, तो आप हर दिन काम करने का समय निकाल ही लेंगे।  जब आप निष्क्रिय अवस्था में होते हैं, तब आपको छोटी से छोटी बाधा भी रोक सकती है। लेकिन जब आप लक्ष्य की दिशा में प्रगति करने लगते हैं, तो आपको मुश्किल से मुश्किल बाधा भी नहीं रोक पाएगी। बाधाएँ वे डरावनी चीजें हैं, जो आपको तब दिखती हैं, जब आप लक्ष्य पर से निगाह हटा लेते हैं। एक भी दिन नहीं गुज़रने दें, जब आप लक्ष्य की दिशा में काम नहीं करें। क्योंकि इससे आदत का सिलसिला टूट जाएगा और आलस का सिलसिला हावी हो जाएगा।

एक सर्वे के अनुसार, सिर्फ तीन प्रतिशत वयस्कों के पास लिखित लक्ष्य होते हैं और बाक़ी सभी उनके लिए काम करते हैं। टाइप करने के बजाय नोटबुक या डायरी में लक्ष्य लिखने से बेहतर परिणाम मिलते हैं।  हर दिन लिखने से आपको वह लक्ष्य हमेशा याद रहेगा। आप उसके प्रति समर्पित रहेंगे।  जिस तरह दाग-धब्बों या धूल के कारण आपको अपना चश्मा दिन में कई बार साफ़ करना पड़ता है, उसी तरह रोज़मर्रा के भटकावों की वजह से आपको अपने लक्ष्य को भी दिन में कई बार स्पष्ट देखना होता है। लिखने से आपका चेतन मन पूरी तरह सक्रिय हो जाता है। इसके अलावा, लक्ष्य लिखने से अवचेतन मन पर इसकी छाप भी छूट जाती है, जो लक्ष्य साकार करने में मदद करता है। लक्ष्य तय करने और लिखने की यह छोटी-सी आदत आपकी जिंदगी बदल सकती है। एक पेंसिल और एक सपना आपको कहीं भी ले जा सकते हैं। डायरी या नोटबुक में हर दिन अपना लक्ष्य लिखें, ताकि यह आपकी स्मृति में गहरा बैठ जाए।  किसी भी लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए निश्चित तारीख लिखना महत्त्वपूर्ण होता है, क्योंकि तभी आपका मस्तिष्क उस लक्ष्य को महत्त्वपूर्ण मानता है। यह भी ध्यान रखना चाहिए कि डेडलाइन पूरी करना पर्याप्त नहीं है, डेडलाइन को हराना जरूरी है। कुछ लोग डेडलाइन पास आने पर ही काम करते हैं। डेडलाइन चरम प्रेरणा है। अगर आप किसी को प्रेरित करना चाहते हैं, तो लक्ष्य के लिए डेडलाइन तय करें ।

About author

डॉ. नन्दकिशोर साह

डॉ. नन्दकिशोर साह
ईमेल- nandkishorsah59@gmail.com


Related Posts

टालने,बहानेबाजी, और विलम्बता से हो जाए परे!

June 24, 2022

 टालने,बहानेबाजी, और विलम्बता से हो जाए परे! डॉ. माध्वी बोरसे! समय नष्ट करता रहे, समय सबसे मूल्यवान, जीवन मुश्किल हो

आओ रिश्तो की खुशबू में नहलाएं

June 24, 2022

आओ रिश्तो की खुशबू में नहलाएं एड किशन भावनानी दिल के रिश्ते तोड़ने से भी नहीं टूटते दिमाग के रिश्ते

आओ तारीफ़ और प्रशंसा करें

June 24, 2022

एड किशन भावनानी आओ तारीफ़ और प्रशंसा करें तारीफ़ और प्रशंसा रूपी फूल की सुगंध रूपी सार्थक शक्ति से मनुष्य

डॉ. मोहन बैरागी को मिस्र, इजिप्ट में मिला हिंदी सम्मान

June 24, 2022

डॉ. मोहन बैरागी को मिस्र, इजिप्ट में मिला हिंदी सम्मान हिंदी साहित्य के राहुल सांकृत्यायन सम्मान से विभूषित हुए डॉ.

दुखे पेट पीटे सिर

June 24, 2022

 दुखे पेट पीटे सिर Jayshree birmi जम्मू कश्मीर में 370 हटाने से दूसरे कई मुद्दों पर चुप रहने वाले पेट्रोल

इंसानियत कहां हैं?

June 24, 2022

 इंसानियत कहां हैं? Jayshree birmi 25 मई की खबर हैं ये जब इंसानियत की तौहीन कर हैवानियत ने नंगा नाच

Leave a Comment