Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

kishan bhavnani, lekh

राष्ट्रीय पुरस्कार

राष्ट्रीय पुरस्कार राष्ट्र का गौरव आओ अपनी उत्कृष्टत उपलब्धियां पहचानकर राष्ट्रीय पुरस्कार पोर्टल पर नामित करें पारदर्शिता और जनभागीदारी के …


राष्ट्रीय पुरस्कार राष्ट्र का गौरव

आओ अपनी उत्कृष्टत उपलब्धियां पहचानकर राष्ट्रीय पुरस्कार पोर्टल पर नामित करें

पारदर्शिता और जनभागीदारी के लिए सभी राष्ट्रीय पुरस्कार राष्ट्र का गौरव को राष्ट्रीय पुरस्कार पोर्टल पर एक मंच पर लाना सराहनीय कार्य – एडवोकेट किशन भावनानी

गोंदिया – वैश्विक स्तरपर अक्सर हम मीडिया के माध्यम से वैश्विक और राष्ट्रीय पुरस्कारों की चर्चा सुनते रहते हैं।अंतरराष्ट्रीय स्तरपर अक्सर नोबेल पुरस्कार, अन्तर्राष्ट्रीय फिल्म फेस्टिवल के पुरस्कार की चर्चा जोरों पर होती है।
साथियों बात हम भारतीय राष्ट्रीय पुरस्कारों की बात करें तो भारत रत्न, पद्म विभूषण, पद्म भूषण, पद्म श्री, दादा साहब फाल्के पुरस्कार सहित अनेक अलग अलग क्षेत्रों में नागरिकों की उत्कृष्टता योग्यता गुणवत्ता के आधार पर पहचान कर पुरस्कार गौरव से सम्मानित किया जाता है परंतु मेरा मानना है कि पहली बात इन पुरस्कारों में भाई भतीजावाद, भ्रष्टाचार अपनों वाला शब्द से इनकार नहीं किया जा सकता तथा दूसरी बात एक गांव एक खेत खलिहान व गरीब योग्यतावान व्यक्ति जानकारी उपलब्ध ना होने के कारण भी इन राष्ट्रीय पुरस्कारों से वंचित रहते हैं इसलिए दोनों बातों को रेखांकित किया जा सकता है।शायद इसलिए ही पारदर्शिता और जनभागीदारी, सबका साथ सबका विकास सबका विश्वास सबकी भागीदारी फार्मूले के तहत अब सभी राष्ट्रीय पुरस्कारों राष्ट्र के गौरव को राष्ट्रीय पुरस्कार पोर्टल, एक मंच प्रदान कर उस पर लाना एक सराहनीय कार्य है। हालांकि डिजिटल इंडिया में वैसे भी हर मंत्रालय द्वारा प्रदत पुरस्कारों की प्रक्रिया ऑनलाइन ही की जाती है परंतु अब इन सबको एक मंच पर लाना रेखांकित करने वाली बात है, इसलिए आज हम इस आर्टिकल के माध्यम से सभी शासकीय पुरस्कारों और सभी नामांकन की ड्यू डेट वाले पुरस्कारों की चर्चा मीडिया में उपलब्ध जानकारी और पीआईबी के आधार पर करेंगे।
साथियों बात अगर हम20 अगस्त 2022 को आए राष्ट्रीय पुरस्कार पोर्टल की करें तो पीआईबी के अनुसार,सरकार द्वारा एक सामान्य राष्ट्रीय पुरस्कार पोर्टल विकसित किया गया है ताकि पारदर्शिता और जनभागीदारी सुनिश्चित करने के लिए भारत सरकार के विभिन्न मंत्रालयों/विभागों/एजेंसियों के सभी पुरस्कारों को एक मंच पर लाया जा सके। यह पोर्टल प्रत्येक नागरिक या संगठन को भारत सरकार द्वारा स्थापित विभिन्न पुरस्कारों के लिए व्यक्तियों/संगठनों को नामित करने की सुविधा प्रदान करता है। नागरिक पुरस्कार अपने कार्य क्षेत्र में उत्कृष्ट उपलब्धियों वाले लोगों को प्रदान किए जाते हैं। ये पुरस्कार गणतंत्र दिवस पर भारत के राष्ट्रपति द्वारा संबंधित प्राप्तकर्ताओं को प्रदान किए जाते हैं। इन नागरिक पुरस्कारों का स्थापना वर्ष 1954 है।
साथियों भारत की सम्मान प्रणाली, भारतीय गणराज्य द्वारा दिए जाने वाले सम्मानों हेतु प्रयोग की जाने वाली प्रणाली है। निन्मलिखित अनेक प्रकार के पुरस्कार/ सम्मान हैं जो अलग अलग भिन्न कारणों व परिस्थितियों के अनुसार दिए जाते हैं। भारत रत्न, परम वीर चक्र, पद्म सम्‍मान, शौर्य चक्र, अशोक चक्र इनमें से प्रमुख हैं।
साथियों बात अगर हम भारत में मुख्यतःमिलने वाले राष्ट्रीय पुरस्कारों की करें तो इन्हें इन श्रेणियों में रखा गया है(1) नागरिक पुरस्कार – 1.1 भारत रत्‍न 1.2 पद्म पुरस्कार(2) सैन्य पुरस्कार 2.1 युद्धकालीन वीरता पुरस्कार 2.2 शांति के दौरान के पुरस्कार (3) चिकित्सा पुरस्कार (4) नेतृत्व पुरस्कार (5) साहित्य पुरस्कार (6) खेल और साहसिक पुरस्कार (7) सिनेमा और कला (8) विशेष पुरस्कार 8.1 पुलिस पुरस्कार 8.2 वीरता पुरस्कार।
साथियों बात अगर हम वर्तमान में ऑनलाइन खुले राष्ट्रीय पुरस्कारों के लिए नामांकन/सिफारिशों की करें तो अभी निम्न पुरस्कारों के लिए नामांकन शुरू है और भारत का कोई भी संबंधित योग्यता उपलब्धि रखने वाला नागरिक नामांकन कर सकता है। – पद्म पुरस्कार- अंतिम तिथि 15/09/2022, वानिकी में उत्कृष्टता के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार 2022- अंतिम तिथि 30/09/2022, राष्ट्रीय गोपाल रत्न पुरस्कार 2022-अंतिम तिथि 15/09/2022, राष्ट्रीय जल पुरस्कार 2022- अंतिम तिथि 15/09/2022, वरिष्ठ नागरिकों के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार – वयोश्रेष्ठ सम्मान 2022- अंतिम तिथि 29/08/2022, व्यक्तिगत उत्कृष्टता के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार 2021- अंतिम तिथि 28/08/2022, व्यक्तिगत उत्कृष्टता के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार 2022- अंतिम तिथि 28/08/2022, दिव्‍यांगजनों के सशक्तिकरण में कार्यरत संस्थानों के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार 2021- अंतिम तिथि 28/08/2022, दिव्‍यांगजनों के सशक्तिकरण में कार्यरत संस्थानों के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार 2022- अंतिम तिथि 28/08/2022, राष्ट्रीय सीएसआर पुरस्कार 2022- अंतिम तिथि 31/08/2022, नारी शक्ति पुरस्कार 2022- अंतिम तिथि 31/10/2022, सुभाष चंद्र बोस आपदा प्रबंधन पुरस्कार 2023- अंतिम तिथि 31/08/2022, मद्यपान और मादक द्रव्यों के सेवन की रोकथाम के क्षेत्र में उत्कृष्ट सेवाओं के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार 2022- अंतिम तिथि 29/08/2022, जीवन रक्षा पदक – अंतिम तिथि 30/09/2022
साथियों बात अगर हम कुछ विशिष्ट भारतीय पुरस्कारों की करें तो, भारत रत्न देश का सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार हैं। इसे 1954 में स्थापित किया गया था।जाति, व्यवसाय, पद, लिंग या धर्म के भेद के बिना कोई भी व्यक्ति इस पुरस्कार के लिए पात्र है। यह मानव सेवा के किसी भी क्षेत्र मेंअसाधारण सेवा या उच्चतम क्रम के प्रदर्शन के लिए सम्मानित किया जाता है। पुरस्कार प्रदान करने पर, प्राप्तकर्ता को राष्ट्रपति द्वारा हस्ताक्षरित एक सनद (प्रमाणपत्र) और एक पदक मिलता है। पद्म विभूषण असाधारण और विशिष्ट सेवा के लिए प्रदान किया जाता है। पद्म विभूषण भारत में दूसरा सबसे बड़ा नागरिक पुरस्कार है। पद्म भूषण एक उच्च क्रम की विशिष्ट सेवा के लिए प्रदान किया जाता है। पद्म भूषण भारत में तीसरा सबसे बड़ा नागरिक पुरस्कार है। पद्म श्री प्रतिष्ठित सेवा के लिए प्रदान किया जाता है। पद्म श्री भारत का चौथा सबसे बड़ा नागरिक पुरस्कार है।
साथियों बात अगर हम विश्व के सबसे बड़े वैश्विक पुरस्कार की करें तो, नोबेल पुरस्कार दुनिया भर में सबसे बड़ा और सबसे प्रतिष्ठित पुरस्कार है। नोबेल पुरस्कारों की विद्या – भौतिक विज्ञान, रसायन विज्ञान फिजियोलॉजी और चिकित्सा, अर्थशास्त्र, साहित्य, शांति, नोबेल पुरस्कार समारोह की शुरुआत वर्ष 1901 में हुई थी और आज भी इसे दुनियां का सबसे प्रतिष्ठित सम्मान माना जाता है। पिछले 120 वर्षों में नोबेल पुरस्कार विजेताओं की कुल संख्या में, 9 भारतीय नोबेल पुरस्कार विजेता है जिन्हें विभिन्न श्रेणियों में इस पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। अब तक के भारतीय नोबेल पुरस्कार विजेताओं के नाम इस प्रकार है – नोबेल पुरस्कार विजेताओंके नाम, विद्या,वर्ष,- रविंद्र नाथ टैगोर साहित्य 1913, सी वी रमन भौतिकी 1930, हरगोविंद खुराना चिकित्सा 1968, मदर टेरेसा शांति 1979, सुब्रहाम्ण्यम चंद्रशेखर भौतिकी 1983,अमर्त्य सेन अर्थशास्त्र 1998, वेंकट रामन रामकृष्णन रसायन विज्ञान 2009, कैलाश सत्यार्थी शांति 2014,अभिजीत बनर्जी अर्थशास्त्र 2019
अतः अगर हम उपरोक्त पूरे विवरण का अध्ययन कर उसका विश्लेषण करें तो हम पाएंगे के राष्ट्रीय पुरस्कार राष्ट्र का गौरव और अपनी उत्कृष्टत उपलब्धियां पहचान कर राष्ट्रीय पुरस्कार पोर्टल पर नामित करें पारदर्शिता और जनभागीदारी के लिए सभी राष्ट्रीय पुरस्कार राष्ट्रीय का गौरव राष्ट्रीय पुरस्कार पोर्टल पर एक मंच पर लाना सराहनीय कार्य है।

About author

Kishan sanmukh

-संकलनकर्ता लेखक – कर विशेषज्ञ स्तंभकार एडवोकेट किशन सनमुखदास भावनानी गोंदिया महाराष्ट्र

Related Posts

मन की थोथ भरने आता हर साल करवा चौथ

October 13, 2022

मन की थोथ भरने आता हर साल करवा चौथ बदलते समय में खासकर नवविवाहितों के बीच पतियों ने भी अपनी

क्रिएटिव लिबर्टी के बहाने, आस्था पर निशाने

October 11, 2022

 क्रिएटिव लिबर्टी के बहाने, आस्था पर निशाने बुद्धिजीवियों और बॉलीवुड को इस बात पर मंथन करना चाहिए। भगवान् श्री राम

अपनी स्त्री की ‘ना’ को समझने की समझ कितने मर्दों में होती है?

October 11, 2022

 अपनी स्त्री की ‘ना’ को समझने की समझ कितने मर्दों में होती है? क्यूँ दब जाती है नारी की ‘ना’

गुजरात चुनाव और आप पार्टी

October 11, 2022

गुजरात चुनाव और आप पार्टी आज कल दिसंबर में आने वाले गुजरात चुनावों के बारे में देश में और मीडिया

और कितने रावण होंगे?

October 10, 2022

और कितने रावण होंगे? आज मैं बाहर जा रही थी तो प्रहलदनगर से थोड़ा आगे जा कर बहुत से लोग

सत् विद्या यदि का चिन्ता, वराकोदर पूरणे।।

October 10, 2022

सत् विद्या यदि का चिन्ता, वराकोदर पूरणे।। मानसिक स्वास्थ्य सर्वोपरि विद्या, ज्ञान और कौशलता मानवीय आजीविका चलाने के मूल मंत्र

Leave a Comment