Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

mainuddin_Kohri, poem

राजस्थानी कविता-मईनुदीन कोहरी “नाचीज बीकानेरी “

(राजस्थानी भाषा री मान्यता सारू म्हारी जिद है मान्यता मिळ सकै राजस्थानी अकेडमी रै गठन ताईं एक कविता रोजानां  राजस्थानी …


(राजस्थानी भाषा री मान्यता सारू म्हारी जिद है मान्यता मिळ सकै राजस्थानी अकेडमी रै गठन ताईं एक कविता रोजानां 
राजस्थानी कविता 

राजस्थानी कविता-मईनुदीन कोहरी "नाचीज बीकानेरी "
एक हबीड़ों जोरां सूं मारो रे…गीत

मीठी बोली रा मतवाळा अब तो जागो रे।
भाषा री मान्यता सारू बिगुल बजाओ रे।।
एक हबीड़ों जोरां सूं मारो रे……1
बहरी-गूंगी सरकार नैं,सगळा मिल हिलाओ रे ।
पन्द्रह करोड़ लोगां री भाषा नै मान्यता दिलाओ रे ।।
एक हबीड़ों जोरां सूं मारो रे…….2
खाली बातां अर दिलासां सूं , पेट नीं भरणों रे।
कोच्छा टांगलो सगळा भायां, अबै दिल्ली घेरो घालो रे ।।
एक हबीड़ो जोरां सूं मारो रे…..3
सांसद – विधायकां सूं कीं नीं होणो- जाणो रे ।
कवि – लेखकां अर लिखारां सगळा एक हबीड़ो मारो रे ।।
एक हबीड़ो जोरां सूं मारो रे …..4
पंच-सरपंच सगळा भेळा होय अलख जगाओ रे ।
ठेठ गांव – ढाणी सूं आपां भाषा री अलख जगाओ रे ।।
एक हबीड़ो जोरां सूं मारो रे…..5
स्कूल – कॉलेजां में मान्यता सारू छोरां धुणों धुखाओ रे ।
मोटयारां नैं भेळा कर सांसदा रो अबै घेरो घालण चालो रे।।
एक हबीड़ो जोरां सूं मारो रे ……6
मायड़ भाषा सारू तन-मन-धन सूं सगळा लागो रे ।
“नाचीज”रो कैवणो आरपार री लड़ाई अबकी मांडो रे ।।
एक हबीड़ो जोरां सूं मारो रे ……..7

मईनुदीन कोहरी “नाचीज बीकानेरी “
मो–9680868028


Related Posts

जाने किसने… | Jaane kisne…

July 20, 2023

जाने किसने… डूब रहा आकंठ आज मन, भावों के आकर्षण में। जाने किसने गंध बिखेरी, मेरे मानस दर्पण में।। यादों

इसांनियत पर कविता| insaniyat par kavita

July 20, 2023

भावनानी के भाव इसांनियत को जाहिर कर स्वार्थ को मिटाना है इसांनियत को जाहिर कर स्वार्थ को मिटाना हैबस यह

परिवार से बड़ा सृष्टि में कोई लोक नहीं

July 18, 2023

भावनानी के भाव परिवार से बड़ा सृष्टि में कोई लोक नहीं परिवार से बड़ा सृष्टि में कोई लोक नहींबहन से

पानी का मूल्य और मानव | pani ke mulya aur manav par kavita

July 12, 2023

भावनानी के भाव पानी का मूल्य और मानव को समझना है पानी बचाने की ज़वाबदेही निभाना है पानी का मूल्य

देर ना हो जाये आने में |der na ho jaye aane me – prem thakker

July 12, 2023

देर ना हो जाये आने में सुनो दिकु…… अब सांसे रुक रुक कर चलती हैयह आँखें हरपल तुम्हारी याद में

नया भारत | New India

July 8, 2023

भावनानी के भाव नया भारत भारत नवाचारों का उपयोग करके ऐसी तकनीकी विकसित करता है जनता के लिए सस्ती सुगम

PreviousNext

Leave a Comment