Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

poem, Prem Thakker

मोम सा दिल | mom sa dil

मोम सा दिल सुनो दिकु……चोटें तो बहोत लगी इस सफर मेंपर दर्द का कभी एहसास ना हुआ चाहनेवाले बहोत मिले …


मोम सा दिल

मोम सा दिल | mom sa dil

सुनो दिकु……
चोटें तो बहोत लगी इस सफर में
पर दर्द का कभी एहसास ना हुआ

चाहनेवाले बहोत मिले सफर में
पर तुम सा कोई खास ना हुआ

ज़िंदगी को सब कुछ सौंप देने को तैयार था में एक तुम्हारे बदले
फिर भी जुदा कर दिया हमें,
यह कमबख्त किस्मत को भी थोड़ा सा विश्वास ना हुआ

बहुत कुछ सह गये तुम्हारे जाने के बाद और सहम गयी अंदर ही सारी नादानियाँ
सिर्फ तुम्हारी दूरी का सदमा हम से बर्दाश्त ना हुआ

आज भी खड़ा हूँ बीच मझधार में तुम्हारी खातिर
ठंड, गर्म और गुज़र गयी यह बारिश भी
हज़ारों ठोकरें खाकर भी मोम का ये दिल पत्थर की दीवार ना हुआ

प्रेम का इंतज़ार अपनी दिकु के लिए

About author

प्रेम ठक्कर | prem thakker

प्रेम ठक्कर
सूरत ,गुजरात
ऐमेज़ॉन में मैनेजर के पद पर कार्यरत


Related Posts

Beta beti ek saman by Jitendra Kabir

November 7, 2021

 बेटा – बेटी एक समान आदर्शवाद दिखाने के लिए  हमनें पाठ्य – पुस्तकों में अपनी  लिखा दिया, “बेटा – बेटी

chunauti se km nahi by Jitendra Kabir

November 7, 2021

 चुनौती से कम नहीं वक्त बीतता जाता है  जैसे-जैसे कुंद पड़ती जाती है  दांपत्य में धार नयेपन की, जिन नजरों

Jhutha bhram by Jitendra Kabir

November 7, 2021

 झूठा भ्रम रोक नहीं पाते जब तुम  दुनिया के सब मजलूमों  पर होने वाले ज़ुल्म-ओ-सितम  तो फिर तुम्हारे ‘दुखहर्ता’ होने

Ek vyang nasha by Anita Sharma

November 7, 2021

 एक व्यंग्य नशा सबका मनोरंजन करते अभिनेता पर अपने घर में समय न देते। धन तो खूब कमा लेते पर

Pyar bhara Geet by Anita Sharma

November 7, 2021

 प्यार भरा गीत एक प्यार का गीत सुना दो, बंसी की मधुर तान सुना दो। मोहन गोपियों संग राधा अकु

Raunak laut aae by Anita Sharma

November 7, 2021

 रौनक लौट आई लम्बे अरसे के बाद सही पर……रौनक लौट रही। सज रहे बाजार  बहुत समय के बाद । घरों

Leave a Comment