Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

kishan bhavnani, lekh

मिशन ऑपरेशन कावेरी तेज़ी से शुरू

मिशन ऑपरेशन कावेरी तेज़ी से शुरू गृह युद्ध की मार झेल रहे सूडान से भारतीयों को सुरक्षित निकालने की मुहिम …


मिशन ऑपरेशन कावेरी तेज़ी से शुरू

मिशन ऑपरेशन कावेरी तेज़ी से शुरू

गृह युद्ध की मार झेल रहे सूडान से भारतीयों को सुरक्षित निकालने की मुहिम ज़ारी

भारत सरकार द्वारा सूडान में फंसे अपने नागरिकों को वापस लाने मिशन ऑपरेशन कावेरी, एक सटीक निर्णय – एडवोकेट किशन भावनानी

गोंदिया – वैश्विक स्तरपर मानवीय दैनिक जीवन और किसी ना किसी देश या फिर कुछ सामूहिक देशों या पूरे विश्व के देशों पर रोजमर्रा में कोई ना कोई विपत्ति, आपदा, घटना दुर्घटना भूकंप प्राकृतिक या मानव निर्मित आपदाओं विपदाओं सहित अनेक ऐसी घटनाएं होती रहती है जिससे उन देशों का शासन प्रशासन उनसे निपटने के लिए सक्रिय हो जाता है। जैसे कोरोना महामारी, रूस-युक्रेन युद्ध में नागरिकों का फंसा होना, भूकंप सहित इत्यादि घटनाओं का उदाहरण लिए दिया जा सकता है, जिसमें नागरिकों को बचाने के लिए अनेक ऑपरेशनों के रूप में कार्रवाई कर उस समस्या के निर्वाण का सकारात्मक परिणाम लाने के लिए जुट जाना पड़ता है, जो उन देशों की सरकारों, शासन प्रशासन का कर्तव्य भी है इसी कड़ी में वर्तमान में सूडान में जारी गृहयुद्ध के कारण सारी दुनिया के नागरिक वहां फंसे हुए हैं। सूडान की राजधानी खार्तूम में करीब पूरी दुनिया का अपना-अपना एंबेसी है जिसे अब हर देश उसे बंद करके अपने नागरिकों कर्मचारियों को सुरक्षित सूडान से बाहर अपने वतन वापस ले जाने के लिए सक्रियता से अभियान चलाए हुए हैं, जिसमें भारत भी शामिल है। चूंकि भारत में दिनांक 23 अप्रैल 2023 से अपने मिशन ऑपरेशन कावेरी शुरू कर दिया है जिसकी पहली खेप में करीब 500 भारतीयों को पोर्ट तक सुरक्षित पहुंचा दिया गया है, अब आईएनएस के जरिए भारत लाने की मुहिम जारी है, जिसमें एक कदम और आगे बढ़ाते हुए हमारे पीएम ने आज दिनांक 23 अप्रैल 2023 को केरल के एक कार्यक्रम में वहां विदेशमंत्री भेजे जाने और तैयारियों को सक्रियता से हैंडल करने की घोषणा भी की है, इसलिए आज हम मीडिया में उपलब्ध जानकारी के सहयोग से इस आर्टिकल के माध्यम से चर्चा करेंगे मिशन ऑपरेशन कावेरी तेज़ी से शुरू। साथियों बात अगर हम ऑपरेशन कावेरी की करें तो, ऑपरेशन कावेरी सूडान में फंसे अपने नागरिकों को वापस लाने के लिए भारत सरकार द्वारा शुरू किया गया एक मिशन है। फंसे हुए नागरिकों को घर वापस लाने के लिए भारतीय जहाजों और विमानों को तैनात किया गया है। मिशन का नाम कावेरी नदी के नाम पर रखा गया है। विदेश मंत्रालय ने प्रेस में बताया कि भारत सरकार सूडान में फंसे अपने नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए हर प्रयास कर रही है। हम सूडान में जटिल और उभरती सुरक्षा स्थिति पर करीब से नजर रखे हुए हैं। सूडान से बाहर निकलना चाह रहे भारतीयों की सुरक्षित निकासी के लिए भारत विभिन्न साझेदारों के साथ करीब से बातचीत कर रहा है। सूडानी हवाई क्षेत्र वर्तमान में सभी विदेशी विमानों के लिए बंद है। ओवरलैंड आंदोलन में जोखिम और तार्किक चुनौतियां बनी हुई हैं। एक तरफ विदेश मंत्रालय के अधिकारी सूडान के संबंधित अधिकारियों के साथ संपर्क में हैं, तो दूसरी तरफ अधिकारियों का एक पूरा दल सूडान के आसपास के देशों के संर्पक में है। मंत्रालय का कहना है कि नागरिकों की निकासी सुरक्षा स्थिति पर निर्भर करेगी।सूडान में सेना और अर्धसैनिक बलों के बीच पिछले कई दिनों से जारी संघर्ष रुकने का नाम नहीं ले रहा है। दो बलों की हिंसक झड़प में अब तक 400 से अधिक लोगों की जान जा चुकी है। वहीं, 3500 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं। इस बीच भारत समेत कई देशों ने हिंसाग्रस्त देश से अपने नागरिकों को निकालना शुरू कर दिया है। भारत सूडान से अपने नागरिकों को निकालने के लिए ऑपरेशन कावेरी चला रहा है। देश में हिंसा,तनाव औरअसुरक्षित हवाईअड्डों के कारण विदेशी नागरिकों को निकालना मुश्किल हो रहा है। इस बीच अर्धसैनिक बल रैपिड सपोर्ट फोर्सेजराजधानी खार्तूम में मुख्य अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर नियंत्रण करने कीकोशिश कर रहा है। फंसे हुए विदेशी नागरिकों में लगभग 3 हज़ार भारतीय हैं। वहीं, केरल के 48 वर्षीय व्यक्ति की गोली लगने से मौत हो चुकी है। बता दें कि शुक्रवार दिनांक 21 अप्रैल 2023 को पीएम ने गृह युद्ध प्रभावित सूडान में फंसे भारतीयों की सुरक्षा की समीक्षा के लिए एक उच्च स्तरीय बैठक बुलाई थी। बैठक में विदेश मंत्री ने भी हिस्सा लिया और सूडान के मौजूदा हालात के बारे में पीएम को अवगत कराया था। पीएम ने सोमवार को कहा कि केंद्र सरकार ने हिंसा प्रभावित सूडान में फंसे भारतीयों को वापस लाने के लिए ऑपरशन कावेरी शुरू कर दिया है और इसकी निगरानी केंद्रीय विदेश राज्य मंत्री करेंगे। केरल में ‘युवम’ सम्मेलन में लोगों को संबोधित करते हुए पीएम ने कहा कि केरल का बेटा, फंसे हुए लोगों को वापस लाने के अभियान की निगरानी करेंगे।
साथियों बात अगर हम पूरी दुनिया के देशों द्वारा सूडान से अपने नागरिकों को सुरक्षित निकालने की करें तो,पूरे सूडान में इंटरनेट बैन होने की जानकारी भी सामने आई है।रविवार को ब्रिटेन के सशस्त्र बलों ने देश से ब्रिटिश राजनयिकों और उनके परिवारों को निकाला। सफल ऑपरेशन कीजानकारी देते हुए वहां के पीएम ने कहा कि दोनों पक्ष अपने हथियार डाल दें और तत्काल मानवीय युद्धविराम लागू करें।इससे पहले रैपिड सपोर्ट फोर्सेज ने अमेरिकी सैनिकों के साथ मिलकर वाशिंगटन के दूतावास को खाली कराया। शनिवार को भी सूडानी सेना ने चीन और फ्रांस के राजनयिकों को देश से बाहर सैन्य हवाई जहाज से निकालने में मदद की। इसी दिन सऊदी विदेश मंत्रालय ने बताया कि भारत, कुवैत, पाकिस्तान, कतर, मिस्र,संयुक्त अरबअमीरात, ट्यूनीशिया, बांग्लादेश,बुल्गारिया, कनाडा, फिलीपींस और बुर्किना फासो के नागरिकों के साथ-साथ अपने 91 नागरिकों को सुरक्षित निकाल लिया गया है। खार्तूम से 850 किलोमीटर दूर लाल सागर पर पोर्ट सूडान से कई देश अपने नागरिकों को निकालने की कोशिश कर रहे हैं।
साथियों बात अगर हम सूडान में संघर्ष के कारणों की करें तो, हालिया हिंसक घटनाओं की जड़ें तीन साल पहले हुआ तख्तापलट से जुड़ी हैं। दरअसल, अप्रैल 2019 में एक विद्रोह के बीच सैन्य जनरलों द्वारा लंबे समय से शासन कर रहे निरंकुश शासक को सत्ता से बेदखल कर दिया था। तब से सेना एक संप्रभु परिषद के माध्यम से देश चला रही है। सेना और आरएसएफ प्रतिद्वंद्विता राष्ट्रपति के शासन के समय से चली आ रही है। ताजा झड़प की वजह ये है कि सूडान की सेना का मानना है कि आरएसएफ, अर्द्धसैनिकल बल के तहत आती है और उसे सेना में शामिल नहीं किया जाना चाहिए।
साथियों भारत अगर हम भारत सूडान संबंधों पर प्रभाव की करें तो, भारत का सूडान के साथ गहरा संबंध है, विशेष रूप से कृषि के क्षेत्र में, जहां फार्मास्युटिकल क्षेत्र मेंभारतीय कंपनियों की भी उपस्थिति है। चूंकि संकट जारी है, इसका विश्व अर्थव्यवस्था पर गहरा प्रभाव पड़ेगा। जहां तक सूडान से भारतीय नागरिकों को निकालने का सवाल है, सूडान के पड़ोसी देशों में भारत से नौसैनिक जहाज भेजे गए हैं। हालाँकि, यह न केवल भारत के लिए बल्कि अन्य देशों के लिए भी एक चुनौती है, क्योंकि नागरिकों को सुरक्षित रूप से निकालने से पहले हिंसा को कम करने की आवश्यकता है।
अतः अगर हम उपरोक्त पर्यावरण का अध्ययन कर उसका विश्लेषण करें तो हम पाएंगे कि मिशन ऑपरेशन कावेरी तेज़ी से शुरू।गृह युद्ध की मार झेल रहे सूडान से भारतीयों को सुरक्षित निकालने की मुहिम ज़ारी।भारत सरकार द्वारा सूडान में फंसे अपने नागरिकों को वापस लाने मिशन ऑपरेशन कावेरी, एक सटीक निर्णय है।

About author

कर विशेषज्ञ स्तंभकार एडवोकेट किशन सनमुख़दास भावनानी गोंदिया महाराष्ट्र
कर विशेषज्ञ स्तंभकार एडवोकेट किशन सनमुख़दास भावनानी गोंदिया महाराष्ट्र

Related Posts

योग @ एक विश्व एक परिवार – अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 21 june yoga day

June 20, 2023

योग @ एक विश्व एक परिवार – अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 21 जून 2023 पर विशेष आओ योग को अपनी दिनचर्या

गुलजार की ‘किताब’ में पैरेंटिंग का पाठ| Parenting lesson in Gulzar’s ‘kitaab’

June 17, 2023

सुपरहिट:गुलजार की ‘किताब’ में पैरेंटिंग का पाठ 1977 में आई ‘किताब’ फिल्म में एक दृश्य है। फिल्म का ‘हीरो’ बाबला

नई पीढ़ी के लिए विवाह में फ्लेक्सिबल बनना जरूरी है |

June 17, 2023

नई पीढ़ी के लिए विवाह में फ्लेक्सिबल बनना जरूरी है ‘विवाह‘ यह हमेशा से चुनौतीपूर्ण संबंध रहा है। दो परिचित

पितृ देवो भव: पिताजी दिवस 18 जून 2023 पर विशेष

June 17, 2023

पितृ देवो भव: पिताजी दिवस 18 जून 2023 पर विशेष पितृ देवो भव: पिताजी दिवस 18 जून 2023 पर विशेष

उतावला पन नही- सतर्कता बहुत जरूरी- ऐसे पहचाने

June 17, 2023

उतावला पन नही- सतर्कता बहुत जरूरी- ऐसे पहचाने हां जी हां, सही कह रही हूं। बहुत ही सरल तरीका पहचानने

क्लासिक :कहां से कहां जा सकती है जिंदगी| classic:where can life go from

June 17, 2023

क्लासिक:कहां से कहां जा सकती है जिंदगी जगजीत-चित्रा ऐसे लोग बहुत कम मिलेंगे, जिन्होंने विख्यात गजल गायक जगजीत-चित्रा का नाम

PreviousNext

Leave a Comment