Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

poem

बिकते – बहकते वोटर- जितेन्द्र ‘कबीर’

बिकते – बहकते वोटर लोकतंत्र में… वोट के अधिकार के लिएकिसी योग्यता या मेहनत कीजरूरत नहीं पड़ती,बस पैदा होना ही …


बिकते – बहकते वोटर

बिकते - बहकते वोटर- जितेन्द्र 'कबीर'
लोकतंत्र में…
वोट के अधिकार के लिए
किसी योग्यता या मेहनत की
जरूरत नहीं पड़ती,
बस पैदा होना ही काफी
होता है,

अठ्ठारह का होते ही
बन जाता है इंसान
एक ‘वोटर’
चाहे पढ़ा लिखा हो
या फिर अनपढ़,
चाहे समझदार हो
या फिर मूर्ख,
चाहे सज्जन हो
या फिर दुर्जन,
चाहे जान बचाने वाला हो
या फिर कोई हत्यारा ही,

जिस अधिकार के लिए
मेहनत, काबिलियत की
जरूरत कोई ना हो,
उसकी कद्र भी क्यों कर ही
करेंगे लोग,

इसीलिए…
बिक जाते हैं कई शराब और
रुपयों के पीछे,
कई लुभावने वादों के पीछे तो
कई वस्तुओं के लालच में,
और बहुत से बहकाए जाते हैं
जाति और धर्म के नाम पर,

इस सारे गोरखधंधे में
सबसे निचले पायदान पर
होते है
ईमानदारी, अच्छाई, शिक्षा,
उन्नति और सेवा भाव,

‘लोकतंत्र’ अपने सही अर्थों में
बहुत अच्छी व्यवस्था है
लेकिन हमनें अपनी मूर्खता से
इसे विकृत करने में कोई
कसर नहीं छोड़ी।

जितेन्द्र ‘कबीर’
साहित्यिक नाम – जितेन्द्र ‘कबीर’
संप्रति-अध्यापक
पता -जितेन्द्र कुमार गांव नगोड़ी डाक घर साच तहसील व जिला चम्बा हिमाचल प्रदेश
संपर्क सूत्र – 7018558314


Related Posts

स्थानीय भाषाओं में नवाचार कार्यक्रम चलाया है

March 5, 2023

भावनानी के भाव  स्थानीय भाषाओं में नवाचार कार्यक्रम चलाया है नवाचार में तीव्र विकास करने समृद्ध करने भाषाई अड़चनों को

हे राम!! | Hey ram

March 5, 2023

हे राम!! राम तुम क्यूं ना बन सके प्रैक्टिकल,कि जब मेघनाद का तीर लगा लखन को,क्यों तुमने द्रवित किया था

द्वारिका में बस जाओ

March 5, 2023

 द्वारिका में बस जाओ वृंदावन में मत भटको राधा, बंसी सुनने तुम आ जाओ । कान्हा पर ना इल्जाम लगे,

सब्र। सब्र पर कविता| kavita -sabra

March 5, 2023

 सब्र। जब आंखें नम हो जाती है, जब आत्मा सहम जाती है, उम्मीद जिंदा नहीं रहती, जिंदगी गम से भर

मेरी दादी माँ| meri dadi maa

March 5, 2023

 मेरी दादी माँ आज की शाम मेरी दादी के नाम कर रहे सब आज तुम्हारी बातें इकट्ठा हो घर के

नम्रता का आभूषण धारण करना होगा

March 4, 2023

 भावनानी के भाव नम्रता का आभूषण धारण करना होगा अपना जीवन सुखी बनाना है तो  अटके काम बनाना है तो 

PreviousNext

Leave a Comment