Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

kishan bhavnani, lekh

देश ने राष्ट्रीय वैज्ञानिक दिवस मनाया

देश ने राष्ट्रीय वैज्ञानिक दिवस मनाया वैज्ञानिक यात्रा को समृद्ध बनाने, महत्वपूर्ण योगदान के लिए सभी वैज्ञानिकों को सैल्यूट वैज्ञानिक …


देश ने राष्ट्रीय वैज्ञानिक दिवस मनाया

देश ने राष्ट्रीय वैज्ञानिक दिवस मनाया
वैज्ञानिक यात्रा को समृद्ध बनाने, महत्वपूर्ण योगदान के लिए सभी वैज्ञानिकों को सैल्यूट

वैज्ञानिक दिवस 28 फ़रवरी को मनाने के साथ बच्चों, युवाओं में वैज्ञानिक स्वभाव जागृत करने की विशेष ज़रूरत- एड किशन भावनानी

गोंदिया- हर वर्ष 28 फ़रवरी को राष्ट्रीय वैज्ञानिक दिवस के रूप में मनाया जाता है। अनेक स्थानों पर अनेक कार्यक्रम, वेबनार, डिबेट आयोजित होते हैं और वर्तमान हयात वैज्ञानिकों का सादर सत्कार, सेल्यूट के साथ उन वैज्ञानिकों को भी याद करके भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की जाती है जो अब हमारे बीच नहीं हैं, परंतु उन्होंने हमारी वैज्ञानिक यात्रा को समृद्ध बनाया, हमें रास्ता दिखाया और वर्तमान माननीय वैज्ञानिक उस पथ पर चलकर आगे बढ़कर कार्यों में चार चांद लगा रहे हैं
साथियों बात अगर हम राष्ट्रीय वैज्ञानिक दिवस हर साल 28 फ़रवरी को मनाने की करें तो आगे हर राष्ट्रीय वैज्ञानिक दिवस पर बच्चों और युवाओं में वैज्ञानिक प्रभाव उत्पन्न करने और प्रोत्साहित करने का संकल्प लेना होगा, अब हम प्रौद्योगिकी, डिजिटल,वैज्ञानिक युग में पहुंचे हैं अब हमें इससे कहीं आगे जाना है, नए नए नवाचार,नवोन्मेष को लाना है, क्योंकि भारतीय बौद्धिक क्षमता की उपलब्धि की बात ही निराली है!! सारे विश्व की नजरें भारत पर लगी है कि कब और कैसे किसी नए अविष्कार का भारत से उदय हो!!! इसमें अचंभा नहीं है!! क्योंकि भारतीय बौद्धिक क्षमता का डंका आज पूरे विश्व में बज रहा है बड़े-बड़े पूर्ण विकसित देश आज भारतीयों को अपने प्रोजेक्ट में प्राथमिकता देने संलग्न हो रहे हैं जो हमारे लिए गौरव की बात है।
साथियों बात अगर हम वैज्ञानिक क्षेत्रों में तीव्रता और शिद्दत से आगे बढ़ने का जुनून धारण करने की करें तो हमें विज़न 2047 को एक ऐसे भारत का निर्माण करना है जो टारगेट से कहीं बहुत पहले और आगे बढ़कर सपनों को साकार करता हो!!! जिसके लिए हमें अभी बच्चों और युवाओं में वैज्ञानिक स्वभाव जागृत करने की ख़ास ज़रूरत है कि,कोई भी प्रक्रिया होगी तो उसके पीछे कौनसा वैज्ञानिक कारण है इसे सोचना है!!! आज हमारे पास कई वैज्ञानिक साधन हैं जैसे टीवी, फ्रिज, मोबाइल उनके अंदर निहित वैज्ञानिक स्वभाव हैं, वह हमें बच्चों और युवाओं को बताना होगा कि क्यों और कैसे यह काम कर रहे हैं!!! जिससे बच्चों, युवाओं के मस्तिष्क में एक वैज्ञानिक स्वभाव उत्पन्न होगा, जिससे उन्हें विज्ञान के प्रति रुचि कायम होगी!! और सवालों का जवाब प्राप्त करने नए-नए नवाचारों को जन्म देकर हर भारतीय बच्चा और युवावैज्ञानिक की प्रवृत्ति प्राप्त करने में सक्षम हो सकता है।
साथियों बात अगर हम माननीय पीएम द्वारा दिनांक 27 फरवरी 2022 को मन की बात में कहे विचारों की करें तो पीआईबी के अनुसार उन्होंने कहा 28 फरवरी को राष्ट्रीय वैज्ञानिक दिवस मनाया जाता है। ये दिन रमन इफेक्ट की खोज़ के लिए भी जाना जाता है। मैं सी.वी. रमन जी के साथ उन सभी वैज्ञानिकों को आदरपूर्वक श्रद्दांजलि देता हूँ, जिन्होंने हमारी वैज्ञानिक यात्रा को समृद्ध बनाने में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
हमारे जीवन में सुगमता और सरलता में प्रौद्योगिकी ने काफी जगह बना ली है। कौन-सी प्रौद्योगिकी अच्छी है, किस प्रौद्योगिकी का बेहतर इस्तेमाल क्या है, इन सभी विषयों से हम भली-भांति परिचित होते ही हैं। लेकिन, ये भी सही है कि अपने परिवार के बच्चों को उस प्रौद्योगिकी का आधार क्या है, उसके पीछे की विज्ञान क्या है, इस तरफ हमारा ध्यान जाता ही नहीं है। इस विज्ञान दिवस पर मेरा सभी परिवारों से आग्रह है कि वो अपने बच्चों में वैज्ञानिक स्वभाव विकसित करने के लिए ज़रुर छोटे-छोटे प्रयासों से शुरू कर सकते हैं अब जैसे दिखता नहीं है चश्मा लगाने के बाद साफ़ दिखने लगता है तो बच्चों को आसानी से समझाया सकता है कि इसके पीछे विज्ञान क्या है। सिर्फ चश्मे देखें, आनंद करें, इतना नहीं। अभी आराम से आप एक छोटे से कागज़ पर उसे बता सकते हैं।
अब वो मोबाइल फोन उपयोग करता है, कैलकुलेटर कैसे काम करता है, रिमोट कंट्रोलकैसे काम करता है, सेंसर क्या होते हैं ? ये वैज्ञानिक बातें इसके साथ-साथ घर में चर्चा में होती है क्या ? हो सकती है बड़े आराम से हम इन चीज़ों को घर की रोजमर्रा की ज़िन्दगी के पीछे क्या साइंस की वो कौन सी बात है जो ये कर रही है, इसको, समझा सकते हैं। उसी प्रकार से क्या कभी हमने बच्चों को लेकर के भी आसमान में एक साथ देखा है क्या ? रात में तारों के बारे में भी जरुर बातें हुई हों। विभिन्न तरह के कंस्टेलेशनस दिखाई देते हैं, उनके बारे में बताएं। ऐसा करके आप बच्चों में फिजिक्स और एस्ट्रोनॉमी के प्रति नया रुझान पैदा कर सकते हैं। आज कल तो बहुत सारी ऐप्स भी हैं जिससे आप तारों और ग्रहों को लोकेट कर सकते है, या, जो तारा आसमान में दिख रहा है उसको पहचान सकते हैं, उसके बारे में जान भी सकते हैं। मैं, अपने स्टार्टअपस को भी कहूँगा कि आप अपने कौशल और साइंटिफिक कैरेक्टर का इस्तेमाल राष्ट्र निर्माण से जुड़े कार्यों में भी करें। ये देश के प्रति हमारी कलेक्टिव साइंटिफिक रिस्पांसिबिलिटी भी है।
उन्होंने कहा जैसे आजकल मैं देख रहा हूँ कि हमारे स्टार्टअप्स वर्चुअल रिएलिटी की दुनिया में बहुत अच्छा काम कर रहे हैं। वर्चुअल क्लासेस के इस दौर में ऐसे ही एक वर्चुअल लैब बच्चों को ध्यान में रखते हुए बनाई जा सकती है। हम वर्चुअल रियलिटी के द्वारा बच्चों को घर में बैठे केमिस्ट्री की लैब का अनुभव भी करा सकते हैं। अपने शिक्षकों और अभिभावकों से मेरा आग्रह है कि आप सभी विद्यार्थियों एवं बच्चों को सवाल पूछने के लिए प्रोत्साहित करें और उनके साथ मिलजुल कर सवालों का सही जवाब तलाशें। आज,मैं, कोरोना के खिलाफ लड़ाई में भारतीय वैज्ञानिकों की भूमिका की भी सराहना करना चाहूँगा। उनके कड़े परिश्रम की वजह से ही मेड इन इंडिया वैक्सीन का निर्माण संभव हो पाया, जिससे पूरी दुनिया को बहुत बड़ी मदद मिली है। विज्ञान का मानवता के लिए यही तो उपहार है।
अतः अगर हम उपरोक्त पूरे विवरण का अध्ययन कर उसका विश्लेषण करें तो हम पाएंगे कि देश ने राष्ट्रीय वैज्ञानिक दिवस सौहाद्रयता से मनाया, वैज्ञानिक यात्रा को समृद्ध बनाने, महत्वपूर्ण योगदान के लिए सभी वैज्ञानिकों को सैल्यूट, वैज्ञानिक दिवस 28 फरवरी को मनाने के साथ बच्चों, युवाओं में वैज्ञानिक स्वभाव जागृत करने की विशेष ज़रूरत है।

-संकलनकर्ता लेखक- कर विशेषज्ञ, स्तंभकार, एडवोकेट किशन सनमुखदास भावनानी गोंदिया महाराष्ट्र


Related Posts

धर्म क्या है?

October 23, 2021

 धर्म क्या है? धर्म क्या है एक छोटा सा शब्द है पर अपने अंदर गूढ़ अर्थ और रहस्य समेटे हुए

Kahan hai khalnayikayein

October 23, 2021

 कहां हैं खलनायिकाएं एक जमाने में फिल्म देखने जाना ही मनोरंजन का साधन था।देखनेवाले तो हर शुक्रवार को आने वाली

Kitne ravan jalayenge hum by Jay shree birmi

October 23, 2021

कितने रावण जलाएंगे हम? कईं लोग रावण को महान बनाने की कोशिश करतें हैं,यह कह कर माता सीता के हरण

Rista me chhal by Jayshree birmi

October 22, 2021

 रिश्ता में छल कुछ दिन पहले गांधीनगर गुजरात  के मंदिर की गौ शाला में किसी का १० माह के बालक

Sharad purinima by Jay shree birmi

October 22, 2021

 शरद पूर्णिमा अपने देश में ६ ऋतुएं हैं और हर ऋतु का अपना महत्व हैं।जिसमे बसंत का महत्व ज्यादा ही

Gujrat me 9 ratein by Jay shree birmi

October 22, 2021

 गुजरात में नौ रातें  हमारा देश ताहेवारों का देश हैं ,तहवार चाहे हो ,सामाजिक हो या धार्मिक हो हम देशवासी

Leave a Comment