Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

Ankur_Singh, poem

जन्म सफल हो जायेगा-अंकुर सिंह

*जन्म सफल हो जायेगा* मिला मानव जीवन सबको, नेक कर्म में सभी लगाएं।।त्याग मोह माया, द्वेष भाव,प्रभु भक्ति में रम …


*जन्म सफल हो जायेगा*

जन्म सफल हो जायेगा-अंकुर सिंह
मिला मानव जीवन सबको,

नेक कर्म में सभी लगाएं।।
त्याग मोह माया, द्वेष भाव,
प्रभु भक्ति में रम जाएं।।

मंदिर मस्जिद या गुरुद्वारा,
निज धर्म सभी को प्यारा।।
मातृ पिता हैं प्रभु समान,
इनकी सेवा धर्म हमारा।।

पंचतत्व से बना निज काया,
चौरासी लाख बाद पाया।
इसे प्रभु भक्ति में रमा कर,
दूर करें अवगुण की छाया।।

भले जुटा ले कागज के धन,
पर छोड़ सभी को जाना है।।
मिला भाग्य से मानव तन,
इसे प्रभु भक्ति में लगाना हैं।।

काम, क्रोध और मद, लोभ,
ये सब वैतरणी के अवरोध।।
दूर यदि इनसे रह पाएंगे
तो जीवन सफल कर पाएंगे ।।

कम रहा यदि धन और दौलत,
कमा इसे फिर लिया जायेगा।
पर लग गया प्रभु का चस्का,
तो जन्म सफल हो जायेगा।।

*अंकुर सिंह*
हरदासीपुर, चंदवक
जौनपुर, उ. प्र. -222129.
मोबाइल – 8367782654.
व्हाट्सअप – 8792257267.


Related Posts

प्रणय की धारा- डॉ हरे कृष्ण मिश्र

December 22, 2021

प्रणय की धारा मन का स्रोत बहुत है गहरा ,मन से निकली प्रणयकी धारा ,मन और धन का खेल निराला,

पैसे ऐंठने तक सीमित हैं- जितेन्द्र ‘कबीर

December 22, 2021

पैसे ऐंठने तक सीमित हैं साक्षात् भगवान का रूप मानतेहैं उसे,कुछ ही हैं लेकिन ऐसे,ज्यादातर ‘डाक्टर’ अंधे हुए पड़े हैंदवाई

रुकना तो कायरो का काम है!-डॉ. माध्वी बोरसे

December 22, 2021

रुकना तो कायरो का काम है! चलते जाए चलते जाए, यही तो जिंदगी का नाम है,आगे आगे बढ़ते जाए,रुकना तो

मृत्यु कविता-नंदिनी लहेजा

December 22, 2021

मृत्यु क्यों भागता हैं इंसान तू मुझसे इक अटल सत्य हूँ मैंजीवन का सफर जहाँ ख़त्म है होतावह मंजिल मृत्यु

चिंतन के क्षण- डॉ हरे कृष्ण मिश्र

December 22, 2021

चिंतन के क्षण रोम रोम में बसी है यादें,बचा नहीं कुछ अपना है,तेरे मेरे अपने सारे सपने,बिखर गए सारे के

बेरोजगारी का एक पहलू यह भी- जितेन्द्र ‘कबीर’

December 22, 2021

बेरोजगारी का एक पहलू यह भी आजकल लोगों कोघर का काम करने के लिएईमानदार और मेहनती लोग नहीं मिलते,जमीन का

Leave a Comment