Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

Nandini_laheja, poem

कविता -जीभ|ज़बान | kavita :jeebh | jaban

कविता -जीभ|ज़बान | kavita:jeebh | jaban आवाज़ की तेरे मैं साथी,स्वाद से कराती तेरी पहचान।चाहे हो भोजन या फिर रिश्ते,मेरा …


कविता -जीभ|ज़बान | kavita:jeebh | jaban

आवाज़ की तेरे मैं साथी,
स्वाद से कराती तेरी पहचान।
चाहे हो भोजन या फिर रिश्ते,
मेरा महत्त्व न कम तू मान।
हूँ जिव्हा तेरी, मैं बन्दे,
तेरे बोल को, मैं बल देती।
क्या मीठा,खट्टा,खारा कड़वा,
सभ में हूँ, भेद बताती।
केवल भोजन के स्वाद, तक न सिमित मैं,
तेरे व्यक्तित्व के, भाव भी बताती।
जैसे शब्दों का, प्रयोग करे जीवन में ,
वही ‘ज़बान’ तेरी, है कहलाती
‘प्रतिबद्धता’ की प्रतिक मैं
जिससे जुड़ा होता, तेरा स्वाभिमान।
गर मुकर गए, मुझसे तुम तो,
कम हो जाता हैं तुम्हारा मान।

About author 

 

नंदिनी लहेजा | Nandini laheja
नंदिनी लहेजा
रायपुर(छत्तीसगढ़)
स्वरचित मौलिक अप्रकाशित

Related Posts

नई आस- जयश्री बिरमी

January 6, 2022

नई आस बहुत दिनों के बाद अब जगी हैं एक नई आसहर्षोल्लास के दिन भी थे ये दिलाती हैं एहसास

अलविदा- सुधीर श्रीवास्तव

January 6, 2022

अलविदा अब तुम जा रहे होन तनिक सकुचा रहे हो,लगता है बड़े बेशर्म हो गये हो।जाओ न हम भी कहां

जन्म सफल हो जायेगा-अंकुर सिंह

January 6, 2022

*जन्म सफल हो जायेगा* मिला मानव जीवन सबको, नेक कर्म में सभी लगाएं।।त्याग मोह माया, द्वेष भाव,प्रभु भक्ति में रम

नववर्ष की चुनौतियां और तैयारियां- सुधीर श्रीवास्तव

January 6, 2022

नववर्ष की चुनौतियां और तैयारियां नववर्ष के साथ नयी नयीचुनौतियां भी कम नहीं है, ओमीक्रान पहले से ही डरा रही

नववर्ष का आगाज़- अनिता शर्मा

January 6, 2022

दिसम्बर की बिदाई और नववर्ष का आगाज़” लो दिसम्बर जाने को तैयार नववर्ष आने को उत्सुक हैं।सारे रंजो गम भुला

सफर ए इश्क़- R.S.meena Indian

January 6, 2022

कविता – सफर ए इश्क़ जिस दिन होगी अपने प्यार की शुरुआत । उस दिन तुमसे,हम अपनी वफ़ा जता देंगे

Leave a Comment