Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

poem, Veena_advani

उतरन

 उतरन वीना आडवाणी तन्वी पूछो अमीरों उन गरीबों से  उतरन का महत्व कितना होता अमीरों तुम्हारी उतरन देख कर गरीब …


 उतरन

वीना आडवाणी तन्वी
वीना आडवाणी तन्वी

पूछो अमीरों उन गरीबों से 

उतरन का महत्व कितना होता

अमीरों तुम्हारी उतरन देख कर

गरीब भी कितना पाके खुश होता।।

उतरन अमीरों तुम्हारे लिए पुरानी है

पर वही उतरन गरीब के लिए सुखकारी है

अमीर न समझ पाते पैसों की कीमत 

पर गरीब के लिए हर उतरन भी प्यारी है।।

ऊंची शान से रहने वाले अमीर की

 पोशाक पर एक दाग भारी है।।

पर दस दाग वाली उतरन से भी गरीब 

तन ढक खुश होता सदाचारी है।।

थाली में भी जरूरत से ज्यादा भोजन ले

बरबाद करे अमीर ये अन्न संग मक्कारी है

वही झूठन खाए गरीब लाचारी ही उसकी

पर अन्न के प्रति उसकी वफादारी है।।

अरे अमीरों देखो , सोचो थोड़ा कभी तो 

शादियों में कितनी खाने ,पैसों की बरबादी है।।

सादगी से कर शादी बचाओ पैसा उन पैसों 

से गरीब कि , मानवता भी हमारी जिम्मेदारी है।।

सच उतरन गरीब को प्यारी है।।2।।

वीना आडवाणी तन्वी

नागपुर, महाराष्ट्र


Related Posts

ऊँचा हो गया कद लोगों का जमींन से-विजय लक्ष्मी पाण्डेय

February 3, 2022

ऊँचा हो गया कद लोगों का जमींन से ऊँचा हो गया कद लोगों का जमीन सेसुना है जमीनें बंजर पड़ी

मेरे यार फेसबुकिए-सिद्धार्थ गोरखपुरी

February 3, 2022

मेरे यार फेसबुकिए मेरे यार फेसबुकिए बता दो इस समय तुम हो कहाँमैंने तुम्हें ढूंढ रहा हूँयहाँ -वहाँ न जाने

रात है तो सुबह भी तो आयेगी- अनिता शर्मा झाँसी

January 25, 2022

रात है तो सुबह भी तो आयेगी मन रे तू मत हो निराशकल एक नयी सुबह आयेगी।बीतेगी दुखो की घड़ियाँछायेगा

मन के हारे हार- जितेन्द्र ‘कबीर’-

January 25, 2022

मन के हारे हार हार भले ही कर ले इंसान कोकुछ समय के लिए निराशलेकिन वो मुहैया करवाती है उसकोअपने

गलतियां दोहराने की सजा- जितेन्द्र ‘कबीर’

January 25, 2022

गलतियां दोहराने की सजा देश में कोरोना की पहली लहरहमारी सरकारों ने विदेशों से खुद ब खुद हीबुलाई थी,जब इतनी

राजनीति के सियार- जितेन्द्र ‘कबीर’

January 25, 2022

राजनीति के सियार पैसा किसी के हथियार है,लालच किसी का हथियार है,इसी सनातन मोह कोसत्ता तक पहुंचने की सीढ़ी बनातेआजकल

Leave a Comment