Follow us:
Register
🖋️ Lekh ✒️ Poem 📖 Stories 📘 Laghukatha 💬 Quotes 🗒️ Book Review ✈️ Travel

poem, Veena_advani

आज भी वो दिन हमको याद है

याद है वो दिन आज भी आज भी वो दिन हमको याद हैसर पर हमारे मोहब्बत ए ताज हैआज सीने …


याद है वो दिन आज भी

आज भी वो दिन हमको याद है
सर पर हमारे मोहब्बत ए ताज है
आज सीने में दफ़न वो एक राज है।।

आज भी वो दिन हमको याद है।।२।।

भरी बरसात में था उसका भीगा बदन
भीगे कपड़ो में झलका था उसका चमन
अधरों की लाली देख उसकी बहका मन।।

आज भी वो दिन हमको याद है।।२।।

लड़खड़ाते कदम से वो करीब आई
टूटी चप्पल से गिर बांहों मे मेरे समाई
शर्म हया का पर्दा दिखा पलकें झुकाई।।

आज भी वो दिन हमको याद है।।२।।

अजनबी वो कातिल रात ही थी घनेरी
बहकना चाहा , खुद को संभाल मैं पाया
अपने जज़्बाते मोहब्बत दिल में दबाया।।

आज भी वो दिन हमको याद है।।२‌‌।।

उसके लबों का कातिल तिल ग़ज़ब ढ़ाए
उसकी जुल्फों में दिल उलझना चाहे
कज़्जरारी आंखें दिल घायल करती जाए।।

आज भी वो दिन हमको याद है।।२।।

भुला ना पाया उस अजनबी को आज भी
जिससे मिलन की कल्पना भरी साज़ है
सुरमई गूंजे सिसकती जैसे ये रात है।।

आज भी वो दिन हमको याद है।।२।।

About author

वीना आडवाणी तन्वी
वीना आडवाणी तन्वी
नागपुर, महाराष्ट्र


Related Posts

ऊँचा हो गया कद लोगों का जमींन से-विजय लक्ष्मी पाण्डेय

February 3, 2022

ऊँचा हो गया कद लोगों का जमींन से ऊँचा हो गया कद लोगों का जमीन सेसुना है जमीनें बंजर पड़ी

मेरे यार फेसबुकिए-सिद्धार्थ गोरखपुरी

February 3, 2022

मेरे यार फेसबुकिए मेरे यार फेसबुकिए बता दो इस समय तुम हो कहाँमैंने तुम्हें ढूंढ रहा हूँयहाँ -वहाँ न जाने

रात है तो सुबह भी तो आयेगी- अनिता शर्मा झाँसी

January 25, 2022

रात है तो सुबह भी तो आयेगी मन रे तू मत हो निराशकल एक नयी सुबह आयेगी।बीतेगी दुखो की घड़ियाँछायेगा

मन के हारे हार- जितेन्द्र ‘कबीर’-

January 25, 2022

मन के हारे हार हार भले ही कर ले इंसान कोकुछ समय के लिए निराशलेकिन वो मुहैया करवाती है उसकोअपने

गलतियां दोहराने की सजा- जितेन्द्र ‘कबीर’

January 25, 2022

गलतियां दोहराने की सजा देश में कोरोना की पहली लहरहमारी सरकारों ने विदेशों से खुद ब खुद हीबुलाई थी,जब इतनी

राजनीति के सियार- जितेन्द्र ‘कबीर’

January 25, 2022

राजनीति के सियार पैसा किसी के हथियार है,लालच किसी का हथियार है,इसी सनातन मोह कोसत्ता तक पहुंचने की सीढ़ी बनातेआजकल

Leave a Comment